सर्बिया की राजधानी बेलग्रेड में सरकार विरोधी रैली के बाद हालात तनावपूर्ण हो गए। हजारों लोगों ने राष्ट्रपति के खिलाफ प्रदर्शन किया। रैली खत्म होने के बाद कुछ प्रदर्शनकारी समूहों और दंगा पुलिस के बीच हिंसक झड़पें हुईं। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पत्थर, बोतलें और फ्लेयर फेंके, जबकि पुलिस ने जवाब में पेपर स्प्रे का इस्तेमाल किया। सर्बिया में पिछले कई महीनों से भ्रष्टाचार और सरकार विरोधी आंदोलन चल रहा है। इस प्रदर्शन को छात्र संगठनों और युवाओं का बड़ा समर्थन मिला।
सर्बिया की राजधानी बेलग्रेड में सरकार विरोधी रैली के बाद प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच हिंसक झड़पें हुईं। हजारों लोग राष्ट्रपति अलेक्जेंडर वुसिच की सरकार के खिलाफ सड़कों पर उतरे। प्रदर्शन की शुरुआत नवंबर 2024 की ट्रेन स्टेशन दुर्घटना के बाद हुई थी। छात्र संगठन भ्रष्टाचार के खिलाफ आंदोलन चला रहे हैं और समय से पहले चुनाव कराने की मांग कर रहे हैं। पुलिस ने भीड़ को हटाने के लिए पेपर स्प्रे का इस्तेमाल किया।
प्रदर्शन के बाद बेलग्रेड में हिंसा कैसे भड़की?
बेलग्रेड के केंद्रीय चौक पर हुई बड़ी रैली शुरुआत में शांतिपूर्ण रही। प्रदर्शनकारी “स्टूडेंट्स विन” लिखी टी-शर्ट और बैनर लेकर पहुंचे थे। लेकिन मुख्य कार्यक्रम खत्म होने के बाद कुछ युवा समूह पुलिस से भिड़ गए। रिपोर्ट के अनुसार इनमें कई फुटबॉल हूलीगन भी शामिल थे। प्रदर्शनकारियों ने सड़कों पर कूड़ेदान लाकर बैरिकेड बनाए और पुलिस पर चीजें फेंकीं। इसके बाद दंगा पुलिस ने कार्रवाई करते हुए भीड़ को तितर-बितर करने की कोशिश की। पुलिस ने इलाके में दंगा नियंत्रण वाहन भी तैनात किए ताकि प्रदर्शनकारी दोबारा मुख्य इलाके में न पहुंच सकें।
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छात्र आंदोलन आखिर किस मुद्दे पर शुरू हुआ?
सर्बिया में यह आंदोलन नवंबर 2024 में हुई एक ट्रेन स्टेशन दुर्घटना के बाद शुरू हुआ था। देश के उत्तरी हिस्से में हुई इस दुर्घटना में 16 लोगों की मौत हो गई थी। इसके बाद छात्रों ने भ्रष्टाचार और सरकारी लापरवाही के खिलाफ देशभर में प्रदर्शन शुरू कर दिए। आंदोलन लगातार बढ़ता गया और भारी दबाव के बाद तत्कालीन प्रधानमंत्री मिलोस वुसेविक को इस्तीफा देना पड़ा। हालांकि बाद में सरकार ने प्रदर्शनकारियों के खिलाफ सख्त रुख अपना लिया। छात्र संगठनों का आरोप है कि सरकार भ्रष्टाचार और सत्ता के दुरुपयोग को रोकने में विफल रही है।
प्रदर्शनकारियों की अब क्या मांग है?
प्रदर्शनकारी अब समय से पहले संसदीय चुनाव कराने और कानून के शासन को मजबूत करने की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि सरकार में अपराध और भ्रष्टाचार बढ़ रहा है। प्रदर्शन में शामिल माजा मिलास मार्कोविच नाम की एक प्रदर्शनकारी ने कहा कि छात्रों ने अपनी ऊर्जा और एकजुटता से लोगों को साथ लाने का काम किया है। उन्होंने कहा कि लोगों को सामान्य और सुरक्षित जीवन जीने का अधिकार मिलना चाहिए। सर्बिया में बढ़ते विरोध प्रदर्शनों ने राष्ट्रपति वुसिच की सरकार पर दबाव बढ़ा दिया है।

