
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Sawan 2026: शिव भक्तों का प्रिय महीना सावन 30 जुलाई 2026 से शुरू हो रहा है, जिसकी धूम अगस्त के अंत तक बनी रहेगी। इस पूरी अवधि में महादेव की पूजा-अर्चना और उनसे जुड़े विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान किए जाते हैं। इसके अलावा शिवालयों में भगवान शिव की कृपा और मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए श्रद्धालु जलाभिषेक करेंगे। वहीं, देशभर में कांवड़ यात्रा की भी रौनक देखने को मिलेगी। महादेव की भक्ति को समर्पित यह पावन महीना न केवल धार्मिक अनुष्ठानों से भरा होता है, बल्कि आत्मशुद्धि, संयम और आध्यात्मिक साधना के लिए भी बेहद खास माना जाता है। इस दौरान आने वाले सोमवार का भी विशेष महत्व होता है, जो प्रभु की कृपा पाने के लिए शानदार अवसर माना जाता है। ऐसे में आइए जानते हैं कि, सावन 2026 में कितने सोमवार पड़ेंगे और भगवान शिव की पूजा की सही विधि क्या है।
Sawan Month Calendar 2026: सावन सोमवार और हरियाली तीज से लेकर ग्रहण तक, यहां देखें पूरा कैलेंडर
Sawan Calendar 2026: दुर्लभ संयोग में होगा महादेव का प्रिय महीना सावन, देखें पूरा कैलेंडर

2 of 4
Sawan 2026
– फोटो : AI
सावन सोमवार 2026 की तिथियां
- पहला सावन सोमवार: 3 अगस्त 2026
- दूसरा सावन सोमवार: 10 अगस्त 2026
- तीसरा सावन सोमवार: 17 अगस्त 2026
- चौथा सावन सोमवार: 24 अगस्त 2026

3 of 4
Sawan 2026
– फोटो : freepik
सावन सोमवार की पूजा विधि
- सबसे पहले भगवान शिव का ध्यान करते हुए शिवलिंग पर शुद्ध जल और गंगाजल अर्पित करें।
- इसके बाद दही, दूध, घी और शक्कर से विधिवत अभिषेक करें, फिर एक बार दोबारा गंगाजल अर्पित कर अभिषेक पूर्ण करें।
- अब शिवलिंग पर शहद चढ़ाएं। धार्मिक मान्यता है कि इससे उत्तम स्वास्थ्य, सुख और समृद्धि का आशीर्वाद मिलता है।
- इसके बाद भगवान शिव को बेलपत्र अर्पित करें और ‘ॐ नमः शिवाय’ मंत्र का जाप करें।
- अब चावल, मौसमी फल और अपनी नैवेद्य अर्पित करें तथा भगवान शिव से सुख-समृद्धि की प्रार्थना करें।
- इसके बाद घी का दीपक और धूपबत्ती जलाकर भगवान शिव की विधिवत आरती करें।
- अंत में ‘ॐ नमः शिवाय’ और महामृत्युंजय मंत्र का जाप करें और फिर महादेव की आरती कर लें।

4 of 4
Sawan 2026
– फोटो : adobe
क्या कहती हैं मान्यताएं
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, सावन में भगवान शिव और माता पार्वती की आराधना करने से मनचाहा जीवन साथी पाने की कामना पूरी होती हैं। इसके अलावा विवाह संबंधी बाधाएं भी दूर होने लगती हैं। इस समय जलाभिषेक करने से घर-परिवार में सुख, शांति तथा समृद्धि का वास बना रहता है। वहीं प्रभु को बैलपत्र चढ़ाने से कार्यों में आ रही रुकावटें दूर होती हैं और शहद चढ़ाने से सेहत की परेशानियों का भी निवारण होता है।
Sawan 2026: इन 3 राशि वालों की पूरे सावन चमकेगी किस्मत, करियर से लेकर निवेश तक मिलेंगे मनचाहे परिणाम
Sawan 2026: 30 जुलाई से सावन का महीना शुरू, इन राशियों पर भोलेनाथ हमेशा रहते हैं मेहरबान
डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं, ज्योतिष, पंचांग, धार्मिक ग्रंथों आदि पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।
