01:40 AM, 27-Jun-2026
तबाही के बीच कुछ उम्मीद भरे पल, कई लोग मलबे से जीवित निकाले गए
वेनेजुएला में आए विनाशकारी भूकंप के बाद तबाही के बीच कुछ उम्मीद भरे पल भी सामने आए हैं। काराकास के सैन बर्नार्डिनो इलाके में एक युवक को मलबे से निकालकर स्ट्रेचर पर बाहर लाया गया। वहां मौजूद लोगों ने तालियां बजाकर उसका स्वागत किया, जबकि उसकी मां रोते हुए बार-बार उसे ‘लेआंद्रो, मैं तुमसे प्यार करती हूं’ कहती रही।
टेलीविजन पर एक और घटना दिखाई गई, जिसमें एक लड़की पूरी तरह धूल से ढकी हुई और स्वेटर में लिपटी हुई मलबे से बाहर निकलती दिखी। बचाव दल ने उसे सुरक्षित बाहर निकाला। बचाव दल के प्रमुख ने बताया कि यह लड़की ला गुआइरा में एक दस मंजिला इमारत के ढहने के बाद मलबे में फंसी हुई मिली थी। यह इमारत पूरी तरह गिरकर बहुत बुरी तरह नष्ट हो गई थी। उन्होंने कहा कि इस बच्ची ने बहुत साहस और जीने की इच्छा दिखाई है, जो लोगों के लिए उम्मीद की बात है।
01:35 AM, 27-Jun-2026
वेनेजुएला में अंतरराष्ट्रीय मदद तेज, राहत कार्य जारी
वेनेजुएला में भूकंप के बाद राहत और बचाव कार्य तेजी से चल रहा है। सरकार के अनुसार मेक्सिको, अमेरिका, एल साल्वाडोर, स्विट्जरलैंड, कोलंबिया सहित कई देशों से कुल 861 अंतरराष्ट्रीय स्वयंसेवक काम कर रहे हैं। आने वाले दिनों में और भी लोग मदद के लिए पहुंचेंगे।
संयुक्त राष्ट्र के अनुसार, लगभग 1000 आपातकालीन बचावकर्मी 25 अलग-अलग खोज और बचाव टीमों के साथ दुनिया के विभिन्न देशों से भेजे जा रहे हैं। देश के मुख्य राजमार्ग पर सेना, राहत कर्मी, डंप ट्रक और भारी मशीनें लगातार प्रभावित क्षेत्रों की ओर भेजी जा रही हैं। कई वाहन राहत सामग्री लेकर जा रहे हैं और उन पर ‘त्रुजिलो से मदद’ जैसे संदेश लिखे गए हैं।
सरकार ने बताया है कि सभी आपात सेवाओं को सबसे ज्यादा प्रभावित क्षेत्र ला गुआइरा में भेज दिया गया है, ताकि बचाव कार्य तेज किया जा सके। तचीरा राज्य के दमकल कर्मियों को भी राहत कार्य में लगाया गया है। एक दमकल अधिकारी के अनुसार 45 दमकल कर्मी और एक प्रशिक्षित खोजी कुत्ता राहत कार्य के लिए भेजे जा रहे हैं। उनके पास फावड़े, औजार, हाइड्रोलिक उपकरण और पीने का पानी भी है।
अमेरिकी वित्त मंत्रालय ने भी राहत कार्य के लिए कुछ प्रतिबंधों में अस्थायी छूट दी है, ताकि सहायता सामग्री और धन का आदान-प्रदान आसानी से हो सके। हालांकि, राहत कार्य में कई बड़ी चुनौतियां बनी हुई हैं, क्योंकि प्रभावित इलाकों में मलबा बहुत ज्यादा है और संसाधनों की भारी कमी है।
01:32 AM, 27-Jun-2026
अपने टूटे हुए घरों में वापस जाने से डर रहे लोग: रेड क्रॉस
भूकंप के बाद वेनेजुएला में हालात बेहद गंभीर हैं। एक अंतरराष्ट्रीय संगठन के अनुसार लगभग 6.76 मिलियन लोग इस आपदा से प्रभावित हो सकते हैं, जिनमें करीब 2 मिलियन लोग राजधानी काराकास में रहते हैं। रेड क्रॉस के एक अधिकारी ने बताया कि लोग अभी भी अपने टूटे हुए घरों में वापस जाने से डर रहे हैं, क्योंकि इमारतें कमजोर और असुरक्षित हो गई हैं। देश के उत्तरी हिस्सों में कई इमारतें पूरी तरह ढह गई हैं। अब केवल ढांचे बचे हैं। खिड़कियों से सामान लटका हुआ है। ऊपर से हेलीकॉप्टर लगातार निगरानी कर रहे हैं।
लोगों की परेशानी और बढ़ गई है, क्योंकि कई परिवार अभी तक अपने लापता परिजनों को नहीं ढूंढ पाए हैं। बहुत से लोग सड़कों पर ही सोने को मजबूर हैं, क्योंकि उनके घर सुरक्षित नहीं बचे हैं। कैटिया ला मार में लोग खाने-पीने की चीजों के लिए एक पिकअप वाहन के पास जमा हो गए, जहां ब्रेड और पानी वितरित किया जा रहा था। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए सैनिकों को दखल करना पड़ा। लोगों ने दवा की दुकान के पार्किंग क्षेत्र में अस्थायी शिविर बना लिए हैं, जहां तिरपाल, झूले और छोटे तंबू लगाकर रहने की कोशिश की जा रही है।
एक व्यक्ति ओमर रेयेस अपने टूटे हुए घर के मलबे में अपने परिवार के नाम पुकारते हुए घूम रहा था। लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। उसके लगभग 20 रिश्तेदारों की मौत हो चुकी है। उसके दो बच्चे मलबे में दबे हैं। उसने कहा कि अब वह जीवन में अकेला रह गया है और उसका दुख बहुत गहरा है। पूरे देश में हालात ऐसे हैं कि लोग अपने घर, परिवार और सुरक्षा तीनों खो चुके हैं। हर तरफ डर और निराशा का माहौल है।
01:26 AM, 27-Jun-2026
सरकार से मदद की गुहार लगा रहे लोग
वेनेजुएला के उत्तरी इलाकों में भूकंप के बाद लोग अपने परिवार के सदस्यों को मलबे में ढूंढ रहे हैं। हर तरफ तबाही का मंजर है। लोग मलबे में अपनों की तलाश कर रहे हैं। एक महिला नजारेथ जिमेनेज अपने रिश्तेदार के कंधे पर रोती हुई दिखी, जबकि आसपास के लोग हथौड़ों और मशीनों से टूटे हुए कंक्रीट के बड़े टुकड़े हटाने की कोशिश कर रहे थे। कई इमारतें पूरी तरह गिरकर मलबे के ढेर में बदल गई हैं।
यह हादसा ला गुआइरा में हुआ, जो राजधानी काराकास के पास है। यहां सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। लोग अपने भाई-बहन, बच्चे और रिश्तेदारों के जिंदा निकलने का इंतजार कर रहे हैं। लोग सरकार से मदद की गुहार लगा रहे हैं और भारी मशीनों की मांग कर रहे हैं, ताकि मलबा हटाया जा सके। उनका कहना है कि अभी भी मलबे के अंदर लोग जिंदा हो सकते हैं। सरकार की ओर से प्रभावित लोगों को भोजन और पानी दिया जा रहा है। कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने कहा कि सरकार पूरी ताकत से राहत कार्य कर रही है। दुनिया भर से मदद ली जा रही है।
हालांकि, स्थानीय लोगों का कहना है कि राहत बहुत कम है। जरूरत के मुकाबले काफी नहीं है। पूरे इलाके में सेना की तैनाती की बात भी कही गई है। देश में पहले से ही आर्थिक संकट की स्थिति है, जिससे राहत कार्य और भी मुश्किल हो गया है। कई लोग सरकार की स्थिति और उसकी भूमिका पर सवाल भी उठा रहे हैं।
मृतकों की संख्या और बढ़ने की आशंका है, क्योंकि अभी भी हजारों लोग लापता हैं। अब तक 243 लोगों को ही मलबे से सुरक्षित निकाला गया है। लोग अपने लापता परिजनों की तलाश में लगातार लगे हुए हैं और पूरे इलाके में दुख और खौफ का माहौल बना हुआ है।
01:25 AM, 27-Jun-2026
Venezuela Earthquake Live: मलबे में अपनों को तलाश रहे लोग, मृतकों का आकंड़ा 900 पार; तेज हुई अंतरराष्ट्रीय मदद
वेनेजुएला में दो शक्तिशाली भूकंप के झटकों के बाद लोग लोग अपने लापता परिजनों की तलाश खुद ही कर रहे हैं। सरकारी बचाव दलों की कमी के कारण आम लोग मलबे में दबे लोगों को खोजने में लगे हुए हैं। मरने वालों की संख्या बढ़कर 920हो गई है, जबकि तीन हजार से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं।
ला गुआइरा और अन्य सबसे ज्यादा प्रभावित इलाके हैं। यहां लोग अपने घरों के मलबे में खुद खुदाई कर रहे हैं। लोगों का कहना है कि प्रभावित जगहों पर बचाव दल बहुत कम दिखाई दे रहे हैं, जबकि सरकार राहत कार्यों की मजबूत तस्वीर पेश कर रही है। हर घंटे के साथ मलबे में दबे लोगों को बचाने की उम्मीद कम होती जा रही है।
आपदा के लगभग दो दिन बीत चुके हैं। अभी भी कई लोग लापता हैं। राहत एजेंसियों के अनुसार, पहले 48 से बहत्तर घंटे बहुत अहम होते हैं, क्योंकि इसी समय में लोगों को बचाने की संभावना ज्यादा होती है। इस बीच, कई देशों से मदद तेजी से पहुंच रही है। दो दर्जन से ज्यादा बचाव दल दुनिया के अलग-अलग हिस्सों से वेनेजुएला पहुंच चुके हैं या पहुंचने वाले हैं। वेनेजुएला की संसद के अध्यक्ष ने कहा है कि हर एक व्यक्ति को बचाना एक चमत्कार जैसा है और सरकार किसी भी चीज को छिपाएगी नहीं।

