
- वेतन के अनुसार खर्च और बचत की सटीक, व्यवस्थित योजना बनाएं।
Money Saving Tips: आजकल के इस तुलनात्मक दौर में आर्थिक तनाव आम बात है. अक्सर देखा होगा आपने कि आप चाहे कितना भी कमा लें, महीने के आखिर में कभी भी जरूरत के हिसाब से पैसे नहीं बचते. यहां कुछ इस्तेमाल किए जाने वाले तरीके आपकी इस स्थिति में मदद कर सकते है.
आर्थिक सुरक्षा के लिए योजना तैयार करें
पैसे को लेकर तनाव महसूस होने का एक वजह यह है कि हर अचानक होने वाला खर्च किसी इमरजेंसी जैसा लगता है. उदाहरण के तौर पर कार की मरम्मत की ज़रूरत पड़ना, वॉशिंग मशीन का खराब हो जाना, या परिवार में किसी के इलाज की ज़रूरत पड़ना. बात सपष्ट है कि आपके पास कोई इमरजेंसी बचत नहीं है तो छोटा-मोटा खर्च भी सब कुछ गड़बड़ कर सकता है.
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दूसरों से तुलना करना बंद करें
सबसे महत्वपूर्ण चीज यह कि अपनी आर्थिक स्थिति की तुलना किसी और की दिखाई देने वाली कामयाबियों से करना, पैसे को लेकर तनाव महसूस करने की सबसे बड़ी वजह है. उदहारण के लिए आपके दोस्त घर खरीद रहे हैं, छुट्टियों की तस्वीरें पोस्ट कर रहे हैं या इन्वेस्टमेंट के बारे में बात कर रहे हैं. दूसरा पहलू यह कि उनकी EMI, परिवार की ज़िम्मेदारियां, माता-पिता से मिलने वाली आर्थिक मदद या उन पर चढ़ा हुआ कर्ज़ होता है. जो अक्सर हम नहीं देखते है.
वेतन के मुताबिक प्लान बनाएं
बहुत से लोग अपने काम, बच्चो की पढ़ाई और विकेंड पर घूमने फिरने के खर्चे को लेकर योजना तैयार करते है, बजाए सैलरी के हिसाब. अगले वेतन आने से पहले अपने वेतन का पूरा गणित तैयार करें कि कितना बचाना है? कितना खर्च करना है?आपको किसी मुश्किल स्प्रेडशीट की ज़रूरत नहीं है. बस हर रुपये का एक मकसद तय करने से ही आपको काफी ज़्यादा कंट्रोल महसूस हो सकता है.
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