झारखंड की दो राज्यसभा सीटों के लिए हुए चुनाव की मतगणना में बड़ा राजनीतिक उलटफेर देखने को मिला। वोटों की गिनती के दौरान कांग्रेस के दो और बीजेपी का एक वोट रद्द हो गया, जबकि राजद और भाकपा माले के विधायकों पर क्रॉस वोटिंग के आरोपों ने सियासी हलकों में नई बहस छेड़ दी। मतगणना के बाद झामुमो उम्मीदवार बैद्यनाथ राम और एनडीए समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार परिमल नाथवानी को विजयी घोषित किया गया। दूसरी ओर कांग्रेस प्रत्याशी प्रणव झा को केवल 19 वोट मिले और उन्हें हार का सामना करना पड़ा।

कांग्रेस खेमे में मायूसी
परिणाम घोषित होते ही कांग्रेस खेमे में निराशा का माहौल दिखा। मतगणना स्थल से कांग्रेस के झारखंड प्रभारी के. राजू, स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी, ग्रामीण विकास मंत्री दीपिका पांडेय सिंह, प्रत्याशी प्रणव झा समेत कई मंत्री और विधायक बाहर निकल गए।
कांग्रेस ने धनबल के इस्तेमाल का लगाया आरोप
कांग्रेस के झारखंड प्रभारी के. राजू ने कहा कि कांग्रेस के सभी 16 वोट सुरक्षित रहे। उन्होंने दावा किया कि झामुमो ने भी चार वोट कांग्रेस को दिए, जिसके चलते कांग्रेस को कुल 20 वोट मिलने चाहिए थे। के. राजू ने आरोप लगाया कि यह स्थिति इसलिए बनी क्योंकि निर्दलीय उम्मीदवार ने धनबल का इस्तेमाल किया।
उन्होंने कहा, “कांग्रेस के सभी 16 वोट सुरक्षित हैं। झामुमो ने चार वोट दिए और कांग्रेस को 20 वोट मिले। यह स्थिति इसलिए पैदा हुई क्योंकि निर्दलीय उम्मीदवार ने पैसे का इस्तेमाल किया।”
लोकतंत्र के लिए शर्मनाक: कांग्रेस
कांग्रेस नेता राजेश ठाकुर ने परिणाम पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह लोकतंत्र के लिए बेहद दुखद और शर्मनाक घटना है। उन्होंने आरोप लगाया कि देश के विभिन्न राज्यों की तरह झारखंड में भी जनप्रतिनिधियों की खरीद-फरोख्त की गई। राजेश ठाकुर ने कहा, “हम मानते हैं कि इससे ज्यादा दुखद कुछ नहीं हो सकता। यह लोकतंत्र के लिए शर्मनाक घटना है। महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल और देश के अन्य हिस्सों की तरह यहां भी सांसदों और विधायकों को खरीदने की कोशिश हुई। 15-15 करोड़ रुपये तक की पेशकश की जा रही है। हम पूरे मामले की जांच करेंगे।”
बैद्यनाथ राम ने क्या कहा?
राज्यसभा चुनाव में जीत दर्ज करने वाले झामुमो उम्मीदवार बैद्यनाथ राम ने कहा कि चुनाव पूरी तरह संख्या बल का खेल है। उन्होंने कहा कि अगर परिमल नाथवानी ने जरूरी संख्या हासिल कर ली है तो वह उन्हें बधाई देते हैं। बैद्यनाथ राम ने कहा, “यह संख्या का मामला है। यदि परिमल नाथवानी ने आवश्यक संख्या प्राप्त कर ली है तो मैं उन्हें बधाई देता हूं।”
बीजेपी ने कांग्रेस के आरोपों को किया खारिज
वहीं भाजपा ने कांग्रेस के आरोपों को पूरी तरह खारिज कर दिया। झारखंड भाजपा अध्यक्ष आदित्य साहू ने कहा कि राज्य के लोगों और विधायकों ने कांग्रेस को नकारते हुए भाजपा की विचारधारा को स्वीकार किया है। आदित्य साहू ने कहा, “आज झारखंड की जनता और सम्मानित विधायकों ने कांग्रेस पार्टी को खारिज कर दिया है और भारतीय जनता पार्टी की विचारधारा को स्वीकार किया है। देश और राज्य का भला यदि कोई कर सकता है तो वह नरेंद्र मोदी हैं। नरेंद्र मोदी का काम खुद बोलता है और जनता को दिखाई देता है।”
क्रॉस वोटिंग और रद्द वोटों पर बढ़ी सियासत
राज्यसभा चुनाव के नतीजों के बाद झारखंड की राजनीति में नई चर्चाएं शुरू हो गई हैं। कांग्रेस के दो और बीजेपी के एक वोट के रद्द होने के साथ-साथ राजद और भाकपा माले के विधायकों पर क्रॉस वोटिंग के आरोपों ने महागठबंधन की एकजुटता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। चुनाव परिणाम के बाद सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है।
