संसद के मानसून सत्र से पहले लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सदन में सांसदों की बैठने की व्यवस्था में बड़ा बदलाव किया है। तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के 20 बागी सांसदों को अलग बैठाने के लिए 39 सांसदों की सीटें बदल दी गई हैं। नई व्यवस्था के तहत सभी सांसद सोमवार से शुरू हो रहे मानसून सत्र में अपनी नई सीटों पर बैठेंगे। लोकसभा सचिवालय के अधिकारियों के अनुसार, टीएमसी के बागी सांसदों को एक साथ अलग बैठाने के लिए कई अन्य सांसदों की सीटों में भी बदलाव करना पड़ा।
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अभिषेक बनर्जी की सीट भी बदली
नई व्यवस्था में टीएमसी के लोकसभा नेता अभिषेक बनर्जी की सीट भी बदल दी गई है। इसके अलावा वाईएसआर कांग्रेस के सांसद पी. वी. मिधुन रेड्डी और शिरोमणि अकाली दल की सांसद हरसिमरत कौर बादल सहित कई अन्य सांसदों की सीटें भी बदली गई हैं।
डिवीजन नंबर भी बदले
लोकसभा और राज्यसभा के हर सांसद को एक डिवीजन नंबर दिया जाता है। इसी नंबर के आधार पर सदन में उसकी सीट तय होती है। यही नंबर विधेयकों पर मतदान और संसदीय दस्तावेजों पर हस्ताक्षर के दौरान भी इस्तेमाल किया जाता है। नई व्यवस्था के तहत जिन सांसदों की सीट बदली गई है, वे मानसून सत्र से अपने नए डिवीजन नंबर का उपयोग करेंगे।
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शनिवार को लोकसभा अध्यक्ष ने दी थी मंजूरी
शनिवार को लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के छह सांसदों के एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना में विलय को मंजूरी दी थी। इसके साथ ही उन्होंने टीएमसी के 20 बागी सांसदों को अलग बैठने की अनुमति भी दी थी। इन बागी सांसदों ने दावा किया है कि वे नेशनल सिटिजंस पार्टी ऑफ इंडिया (एनसीपीआई) में शामिल हो चुके हैं। संसद के मानसून सत्र की शुरुआत से पहले इस फैसले को लेकर राजनीतिक हलकों में चर्चा तेज है।

