बीते साल 12 जून 2025 को अहमदाबाद में एअर इंडिया के बोइंग 787 विमान (AI-171) के दुर्घटनाग्रस्त होने की पहली बरसी है। इस मौके से पहले एयरलाइन और जांच एजेंसियों से संबंधित दो बड़े अपडेट सामने आए हैं। एक तरफ जहां टाटा ग्रुप और एअर इंडिया ने पीड़ित परिवारों को मुआवजे के भुगतान की प्रक्रिया लगभग पूरी कर ली है, वहीं इस भयानक विमान हादसे की अंतिम जांच रिपोर्ट इंजन के तकनीकी विश्लेषण में समय लगने के कारण अटक गई है। इस हादसे में 229 यात्रियों, 12 क्रू मेंबर और जमीन पर मौजूद 19 लोगों सहित कुल 260 लोगों की मौत हो गई थी।
पीड़ितों के परिवारों को अब तक कितना मुआवजा मिला है?
एअर इंडिया से जुड़े सूत्रों के अनुसार हादसे के बाद जान गंवाने वालों में से 96% के परिवारों को उनकी तत्काल आर्थिक जरूरतों को पूरा करने के लिए 25-25 लाख रुपये (21,000 पाउंड) का अंतरिम मुआवजा दिया जा चुका है। बचे हुए चार प्रतिशत मामले ऐसे हैं जहां मुख्य रूप से अधूरे दस्तावेजों या पारिवारिक विवादों के कारण भुगतान नहीं हो सका है। इसके अलावा, जमीन पर घायल हुए 94% लोगों को भी उनकी चोट और आजीविका के नुकसान के आधार पर एकमुश्त या अंतरिम मुआवजा मुहैया कराया जा चुका है।