बुधवार दोपहर के करीब 3:20 बजे थे। मुंडका में टीकरी मेट्रो स्टेशन के पास सीएनजी फिलिंग स्टेशन पर एक जोरदार धमाका हुआ। धमाके के साथ स्टेशन पर रखा सामान हवा में उड़ गया। चारों तरफ धूल का गुबार छा गया। कुछ देर के लिए स्टेशन पर अंधेरा छा गया। लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। चीख-पुकार मच गई।

करीब 10 से 15 मिनट बाद धूल और धुआं छंटा तो स्टेशन पर कई लोग घायल हालत में पड़े थे। पुलिस के मुताबिक, एक प्रत्यक्षदर्शी ने घटना का पूरा हाल बताया है। वह हादसे के समय स्टेशन के पास से गुजर रहा था। पुलिस उससे पूछताछ कर रही है। प्रत्यक्षदर्शी के अनुसार, कुछ घायलों के हाथ समेत शरीर के अंग अलग हो गए थे।
बाहरी जिले के एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी के मुताबिक, शुरुआती जांच में सामने आया है कि सीएनजी भरते समय ट्रक से तीन सिलिंडर तेज रफ्तार से अलग हो गए। ट्रक में सीएनजी के छह सिलिंडर लगे थे। इनमें से एक दक्षिण दिशा में जाकर दीवार से टकराया। टक्कर के बाद उसकी गैस निकल गई और धूल का गुबार उठ गया। दूसरा सिलिंडर भी दीवार की तरफ गया और उसकी गैस निकल गई।
तीसरे सिलिंडर ने मचाई तबाही
तीसरा सिलिंडर हवा में उछलकर फिलिंग स्टेशन की छत से जा टकराया। इससे छत टूट गई। इसके बाद सिलिंडर नीचे गिरा और सीएनजी भरने वाली दो मशीनों से टकराया। फिर वह एक स्कूटी और ईको कार से टकराते हुए दीवार से जा भिड़ा। पुलिस के मुताबिक, हादसे के समय कर्मचारी और अन्य लोग सीएनजी मशीनों के पास मौजूद थे। तीसरे सिलिंडर की चपेट में आने से कई लोग गंभीर रूप से घायल हुए। मौके पर खून बिखरा मिला।
आशंका- मशीन का ऑटो-कट काम नहीं कर पाया, इससे सिलिंडर में ज्यादा गैस भर गई
एक पुलिस अधिकारी के मुताबिक, सीएनजी सिलिंडर में टायर की तुलना में करीब 400 गुना ज्यादा दबाव होता है। शुरुआती जांच में आशंका है कि सीएनजी भरते समय मशीन का ऑटो-कट काम नहीं कर पाया। इससे सिलिंडर में निर्धारित क्षमता से अधिक गैस भर गई। ज्यादा दबाव के कारण सिलिंडर ट्रक के सिलिंडर बॉक्स से अलग हो गए।
तीनों सीएनजी मशीनें भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, तीसरा सिलिंडर पहले एक सीएनजी मशीन से टकराया। इसके बाद दूसरी मशीन को भी नुकसान पहुंचा। उन दो मशीनों के साथ ही फिलिंग स्टेशन की तीसरी मशीन भी काफी क्षतिग्रस्त हो गई।

