अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे तनाव का असर दुनिया के अधिकतर देशों पर पड़ रहा है. स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज के बंद होने की वजह से तेल और गैस की सप्लाई बुरी तरह प्रभावित हुई है. अहम बात यह भी है कि युद्ध का बुरा असर अमेरिका पर भी पड़ रहा है. एक तरफ जहां यूएस के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप युद्ध में व्यस्त हैं तो दूसरी तरफ अमेरिकी जनता पर महंगाई की मार पड़ रही है. यूएस में महंगाई अप्रैल 2023 के बाद सबसे ऊंचे स्तर पर है.
अमेरिकी लोगों पर महंगाई की मार पड़ रही है और फिलहाल इससे राहत की भी उम्मीद नहीं है. इस साल मई में CPI महंगाई दर बढ़कर 4.2% पर पहुंच गई है, जो कि अप्रैल 2023 के बाद का सबसे ऊंचे स्तर है. इतना ही नहीं, अब फेड रेट में बढ़ोतरी की संभावना बढ़ गई है. युद्ध की वजह से दुनिया के तमाम देश महंगाई से जूझ रहे हैं और अमेरिका भी इसकी चपेट में आ चुका है.
महंगाई को लेकर अमेरिकी नेता ने ट्रंप के खिलाफ उठाई आवाज
अमेरिकी हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में डेमोक्रेटिक नेता हकीम जेफरीज ने ट्रंप पर कड़ा हमला किया है. उन्होंने ट्रंप प्रशासन पर आरोप लगाते हुए कहा, ‘यूएस में लगातार महंगाई बढ़ रही है. हेल्थकेयर पर महंगाई का सबसे ज्यादा असर पड़ा है. अमेरिका को ईरान के साथ एक ऐसी लापरवाही भरी और महंगी जंग की ओर धकेल रहा है, जिसे टाला जा सकता था.’
जेफरीज ने कहा कि जब हाउस डेमोक्रेट्स रिपब्लिकन बजट रिकॉन्सिलिएशन पैकेज का विरोध करने की तैयारी कर रहे हैं, तब उनके लिए ‘किफायती जीवन’ (अफोर्डेबिलिटी) सबसे अहम मुद्दा बना रहेगा.
अगर दुनिया के दूसरे देशों की बात करें तो वेनेजुएला, सूडान, तुर्किए और ईरान महंगाई के मामले में टॉप लिस्ट में हैं. अर्जेंटीना भी महंगाई की मार झेल रहा है.
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