
नोएडा के सुपरनोवा की स्पायरा बिल्डिंग में शनिवार सुबह उस समय अफरातफरी मच गई, जब 43वीं मंजिल की बालकनी में एक युवक रेलिंग के बाहर लटक गया। सामने मौजूद एसी रिपेयरिंग स्टाफ समेत चार लोगों ने उसे बचाने की पूरी कोशिश की। युवक को ऊपर खींचने के लिए सभी ने हाथ बढ़ाए और उसे पकड़ भी लिया था, लेकिन उसका वजन अधिक होने के कारण वह बचाने वालों की पकड़ से फिसल गया। इसके बाद उसने कुछ ही क्षण में नीचे छलांग लगा दी। चार लोगों की आंखों के सामने हुई इस घटना से वहां मौजूद लोग सहम गए।

2 of 7
संभव जैन और सुपरनोवा बिल्डिंग
– फोटो : अमर उजाला
सॉफ्टवेयर इंजीनियर था मृतक संभव जैन
पुलिस के अनुसार मृतक संभव जैन गुरुग्राम के आईएमटी मानेसर का रहने वाला था और एक सॉफ्टवेयर कंपनी में इंजीनियर था। वह दो अक्तूबर को दोपहर को स्पायरा बिल्डिंग में ठहरने आया था। कमरे की बुकिंग उसने एयरबीएनबी की आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से की थी। कमरे में वह अकेला था। शनिवार सुबह करीब साढ़े 11 बजे एसी रिपेयरिंग का काम कर रहे कर्मचारियों की नजर बालकनी की तरफ गई। उन्होंने संभव को रेलिंग के बाहर लटका देखा। उसकी स्थिति देखकर कर्मचारियों ने उसे समझाना शुरू किया। उन्होंने उससे नीचे नहीं कूदने और वापस अंदर आने के लिए कहा। उस समय वहां मौजूद लोगों ने उसे पकड़कर ऊपर खींचने की कोशिश की।

3 of 7
43वीं मंजिल से कूदा शख्स
– फोटो : अमर उजाला
अधिक वजन होने के कारण नहीं बचा पाए लोग
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक संभव को बचाने के लिए चार लोगों ने प्रयास किया। उन्होंने उसे पकड़ लिया था और ऊपर खींचने की कोशिश कर रहे थे। इस दौरान संभव काफी देर तक रेलिंग के बाहर लटका रहा। बचाने वाले लोग लगातार उसे हिम्मत देते रहे। उन्होंने उसे समझाया कि वह इस तरह अपनी जान न दे। पुलिस के मुताबिक इसी दौरान संभव ने वहां मौजूद लोगों से बातचीत भी की। उसने बताया कि वह काफी तनाव में है और जीना नहीं चाहता। लोगों ने उसे भरोसा दिलाने और वापस ऊपर खींचने का प्रयास जारी रखा। कुछ समय के लिए ऐसा लगा कि उसे सुरक्षित अंदर खींच लिया जाएगा। हालांकि, प्रयास के दौरान उसका वजन अधिक होने के कारण बचाने वालों की पकड़ कमजोर पड़ गई और वह उनके हाथ से फिसल गया। इसके बाद वह नीचे जा गिरा।

4 of 7
संभव जैन ने लगाई छलांग
– फोटो : अमर उजाला
‘मैं जीना नहीं चाहता, इसके लिए कोई जिम्मेदार नहीं’
पुलिस को संभव जैन के मोबाइल फोन की जांच में पिता के साथ हुई व्हाट्सएप बातचीत मिली है। इसमें संभव ने आत्महत्या का जिक्र करते हुए लिखा था कि वह जीना नहीं चाहता। साथ ही उसने इसके लिए किसी को जिम्मेदार नहीं बताया। पुलिस के मुताबिक यह बातचीत घटना से पहले की है। पुलिस चैट के समय और परिस्थितियों की भी जांच कर रही है।

5 of 7
सुपरनोवा
– फोटो : अमर उजाला
फील्ड यूनिट ने जुटाए वैज्ञानिक साक्ष्य
इस हादसे के बाद पुलिस की फील्ड यूनिट मौके पर पहुंची और वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने बालकनी और आसपास के स्थानों का निरीक्षण किया। बिल्डिंग में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि घटना से पहले संभव की गतिविधियां क्या थीं और वह किन परिस्थितियों में बालकनी तक पहुंचा।

