लोकप्रिय विषय मौसम क्रिकेट ऑपरेशन सिंदूर क्रिकेट स्पोर्ट्स बॉलीवुड जॉब - एजुकेशन बिजनेस लाइफस्टाइल देश विदेश राशिफल आध्यात्मिक अन्य
---Advertisement---

जब ‘दिल के झरोखे में’ की शूटिंग के दौरान अपने आंसू नहीं रोक पाए शम्मी कपूर, मनोज मुंतशिर ने सुनाया दिलचस्प किस्सा

[wplt_featured_caption]

---Advertisement---


इंडियन आइडल के आने वाले एपिसोड में एक पुरानी यादें ताजा करने वाला एक बेहद इमोशनल और यादगार पल देखने को मिलेगा. शो में लीजेंडरी सिंगर मोहम्मद रफी और शम्मी कपूर की शानदार जोड़ी को उनके पॉपुलर गीत ‘दिल के झरोखे में’ के जरिए याद किया जाएगा.

गाने की शूटिंग के लिए नहीं थे तैयार
इस खास एपिसोड में लिरिसिस्ट और कवि मनोज मुंतशिर भी नजर आएंगे. यह एपिसोड आशा भोसले को समर्पित है. इस दौरान मनोज मुंतशिर ने इस गाने से जुड़ा एक इंट्रेस्टिंग किस्सा सुनाया. उन्होंने बताया कि शुरुआत में शम्मी कपूर इस गाने को शूट करने के लिए तैयार नहीं थे. मनोज ने कहा, ‘जब यह गाना शम्मी जी को सुनाया गया, तो उन्होंने इसे शूट करने से मना कर दिया था. ‘ब्रह्मचारी’ फिल्म के प्रोड्यूसर रमेश सिप्पी थे और सेट पर यह खबर फैलते ही हड़कंप मच गया. सभी को लगा कि शायद शम्मी जी को गाना पसंद नहीं आया.’

ये भी पढ़ें: ‘साउथ एक्टर्स की नहीं इज्जत होती’, तमिल एक्ट्रेस ने बॉलीवुड पर लगाया बड़ा आरोप, कही ये बात

गाना सुन आंसू रोक पाना मुश्किल
इसके बाद मनोज ने असली वजह भी बताई. उन्होंने कहा, ‘असल में बात कुछ और थी. शम्मी जी ने कहा था कि फिल्म के उस सीन में उन्हें रोना नहीं था, लेकिन शंकर–जयकिशन ने इतना इमोशनल गाना बना दिया था कि उन्हें डर था कि शूटिंग के दौरान वे अपने आंसू नहीं रोक पाएंगे. उन्होंने कहा था, ‘मैं खुद को जानता हूं… कृपया यह गाना बदल दीजिए.’ मनोज मुंतशिर ने आगे बताया कि शम्मी कपूर ने खुद एक इंटरव्यू में कहा था कि इस गाने की शूटिंग करते समय अपने आंसू रोकना उनके लिए बेहद मुश्किल था. उस भावना को सिर्फ उनका दिल ही समझ सकता था.

ये भी पढ़ें: अपनी मौत की फर्जी खबरों पर आग-बबूला हुए शक्ति कपूर, बोले- ‘मैं लीगल एक्शन लूंगा’

समाज के प्रति कलाकार की जिम्मेदारी
हाल ही में मनोज मुंतशिर ने जियो हॉटस्टार पर स्ट्रीमिंग वेब सीरीज ‘चिरैया’ की भी तारीफ की थी. उन्होंने कहा था कि कला और कलम का भी समाज के प्रति उत्तरदायित्व होता है और यह सीरीज इस कसौटी पर खरी उतरती है. उन्होंने कहा था कि अब ओटीटी प्लेटफॉर्म्स को भी अपनी सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी समझनी चाहिए. ‘चिरैया’ हमें एक बेहतर, ज्यादा सेंसिटिव और रिस्पॉन्सिबल व्यक्ति तथा समाज बनाने की प्रेरणा देती है.

 



Source link

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

और पढ़ें

Bandar BO Day 4: मंडे टेस्ट में बुरी तरह पिटी बॉबी देओल की ‘बंदर’, चार दिनों का कलेक्शन जान लगेगा झटका

‘कुछ फिल्मों की कुंडली होती है…’, ‘नो एंट्री 2’ की देरी पर बोले फिल्ममेकर अनीस बज्मी

Monday Box Office: मंडे को फिर ‘पेद्दी’ का बजा डंका, धीमी पड़ी ‘है जवानी…’ की रफ्तार, जानें- ‘बंदर’ सहित बाकी फिल्मों का हाल

ऑडिशन लेने वाला उस लायक है? ‘पंचायत’ एक्टर रघुबीर यादव ने कभी नहीं दिया ऑडिशन, इस शर्त पर करते हैं काम

Bandar Box Office: बॉबी देओल की ‘बंदर’ को मिली तारीफें हजार, फिर भी बॉक्स ऑफिस पर क्यों रही बेकार? ये हैं 5 बड़ी वजहें

Peddi: राम चरण की ‘पेद्दी’ अब हिंदी में भी मचाएगी धमाल? मेकर्स ने निकाल दिया ये बंपर ऑफर

Leave a Comment