08:28 PM, 25-Apr-2026
दक्षिणी लेबनान में हिजबुल्ला के चार लड़ाके ढेर- IDF
इस्राइली सेना ने दक्षिणी लेबनान में हिजबुल्ला के चार लड़ाकों के मारे जाने का दावा किया है। इस्राइली सेना ने एक बयान जारी कर कहा है कि उसने दक्षिणी लेबनान में हिजबुल्ला के चार लड़ाकों को मार गिराया है, जबकि दोनों देशों के बीच तीन सप्ताह के लिए युद्धविराम को बढ़ा दिया गया है। इससे पहले, लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा था कि योहमर अल-शाकिफ शहर पर इस्राइली हमले में चार लोग मारे गए। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि लेबनान और इस्राइल एक ही हमले की बात कर रहे हैं या नहीं।
सेना ने दावा किया कि तीन लड़ाके दक्षिणी लेबनान में हथियारों से लदे वाहन में जा रहे थे, जबकि एक अन्य तथाकथित अग्रणी रक्षा रेखा के पार मोटरसाइकिल चला रहा था, जहां इस्राइली जमीनी सैनिक सीमा पर तैनात हैं। बयान में यह भी कहा गया है कि इस्राइल में शुक्रवार से शनिवार तक चलने वाले सप्ताहांत की शुरुआत से अब तक हिजबुल्ला के 15 सदस्य मारे गए हैं।
08:20 PM, 25-Apr-2026
शहबाज ने ईरानी विदेश मंत्री से मुलाकात की सराहना की
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची के साथ हुई मुलाकात को ‘मौजूदा क्षेत्रीय स्थिति पर विचारों का सबसे सौहार्दपूर्ण आदान-प्रदान’ बताया। उन्होंने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, ‘हमने पाकिस्तान-ईरान द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने सहित आपसी हित के मुद्दों पर भी चर्चा की।’
Was pleased to meet H.E. Seyed Abbas Araghchi, Foreign Minister of Iran, and his delegation in Islamabad today. Had a most warm, cordial exchange of views on the current regional situation. We also discussed matters of mutual interest, including the further strengthening of… pic.twitter.com/ZGLQNuGOK6
— Shehbaz Sharif (@CMShehbaz) April 25, 2026
08:11 PM, 25-Apr-2026
इस्लामाबाद से रवाना हुआ ईरानी प्रतिनिधिमंडल
अल जज़ीरा की रिपोर्ट के अनुसार, विदेश मंत्री अब्बास अराघची समेत ईरान का प्रतिनिधिमंडल दिन भर उच्च स्तरीय बैठकें करने के बाद इस्लामाबाद से रवाना हो गया है। उन्होंने बताया कि प्रतिनिधिमंडल ने अमेरिका-इस्राइल युद्ध को समाप्त करने के लिए अपनी मांगों की आधिकारिक सूची पाकिस्तानी नेताओं को सौंप दी।
07:40 PM, 25-Apr-2026
इस्लामाबाद में अमेरिका-ईरान वार्ता पर संकट, पाकिस्तान किनारे
पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में होने वाली अमेरिका और ईरान के बीच अहम बातचीत अब संकट में पड़ती दिख रही है। पाकिस्तानी मीडिया के मुताबिक, ईरान अभी अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल से मिलने को तैयार नहीं है। रिपोर्ट के अनुसार, ईरान ने साफ कहा है कि बातचीत तभी होगी जब अमेरिका पहले स्ट्रेट ऑफ होर्मुज और उसके बंदरगाहों पर लगी नाकेबंदी हटाएगा। यही शर्त वार्ता में सबसे बड़ी बाधा बन गई है।
इस बीच, पाकिस्तान ने इस बैठक के लिए कड़े सुरक्षा इंतजाम किए हैं और इस्लामाबाद के रेड जोन को पूरी तरह सील कर दिया गया है। लेकिन असली पक्षकारों के पीछे हटने से पाकिस्तान की कूटनीतिक कोशिशों को झटका लगा है। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर यह वार्ता नहीं होती, तो पश्चिम एशिया में तनाव और बढ़ सकता है, जिसका असर वैश्विक तेल बाजार और अंतरराष्ट्रीय राजनीति पर भी पड़ेगा।
07:30 PM, 25-Apr-2026
खाड़ी में बढ़ा तनाव, ईरान की अमेरिका को सख्त चेतावनी
ईरान ने अमेरिका को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि अगर उसने खाड़ी क्षेत्र, खासकर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में अपनी नाकेबंदी और समुद्री कार्रवाई जारी रखी, तो उसे निर्णायक जवाब दिया जाएगा। यह बयान ईरान के शीर्ष सैन्य कमांड खातम अल-अनबिया मुख्यालय की ओर से आया है। ईरान ने कहा कि उसकी सेना पहले से ज्यादा मजबूत और तैयार है और वह अपनी संप्रभुता और हितों की रक्षा के लिए हर कदम उठाने को तैयार है। बयान में यह भी कहा गया कि अमेरिकी नौसेना की हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है।
दूसरी ओर, अमेरिकी सेंट्रल कमांड के अनुसार, अमेरिकी नौसेना ने अब तक कई जहाजों को रोक या वापस भेजा है। हाल ही में एक अमेरिकी युद्धपोत ने एक ईरानी जहाज को भी रोका। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज दुनिया के लिए बेहद अहम रास्ता है, जहां से बड़ी मात्रा में तेल का परिवहन होता है। ऐसे में यहां बढ़ता तनाव वैश्विक चिंता का कारण बन गया है।
07:25 PM, 25-Apr-2026
ईरान में 57 दिनों का इंटरनेट बंद इतिहास में सबसे लंबा- नेटब्लॉक्स
इंटरनेट निगरानी संस्था नेटब्लॉक्स के अनुसार, ईरान में नागरिक लगातार 57 दिनों से इंटरनेट बंद का सामना कर रहे हैं, जो ईरानी शासन द्वारा देश की डिजिटल पहुंच को बाधित किए जाने के ठीक आठ सप्ताह बाद का समय है। शनिवार को स्थिति पर रिपोर्ट करते हुए, संस्था ने प्रतिबंध के गंभीर प्रभाव को रेखांकित करते हुए कहा कि ‘यह व्यवधान, जो अब 1344 बजे के बाद अपने 57वें दिन में प्रवेश कर रहा है, ईरानियों की आवाज को दबा रहा है, दोस्तों और परिवार को एक-दूसरे से संपर्क से बाहर कर रहा है और अर्थव्यवस्था को नुकसान पहुंचा रहा है।’ 28 फरवरी को तेहरान पर अमेरिका और इस्राइल के संयुक्त हमलों के तुरंत बाद पूर्ण इंटरनेट बंद लागू किया गया था। इस लंबे समय तक चले इंटरनेट बंद ने क्षेत्रीय अस्थिरता के इस दौर में ईरानी आबादी को वैश्विक समुदाय से अलग-थलग कर दिया है।
01:40 PM, 25-Apr-2026
जासूसी के आरोप में एक और व्यक्ति को फांसी
ईरानी न्यायपालिका के अनुसार, एरफान कियानी नामक व्यक्ति को इस्राइल की खुफिया एजेंसी मोसाद से कथित संबंधों और सरकार विरोधी प्रदर्शनों में शामिल होने के आरोप में फांसी दी गई है। रिपोर्ट के मुताबिक, उस पर जनवरी में इस्फहान शहर में सुरक्षा बलों पर हमले का भी आरोप था। हालांकि, इन आरोपों के समर्थन में कोई ठोस सबूत सार्वजनिक नहीं किए गए हैं।
मानवाधिकार कार्यकर्ताओं का कहना है कि ईरान में कई मामलों की सुनवाई बंद कमरों में होती है, जहां आरोपियों को अपना पक्ष रखने का पूरा अवसर नहीं मिल पाता। हाल के दिनों में ईरान में कथित जासूसों, प्रदर्शनकारियों और विपक्षी समूहों से जुड़े लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और फांसी के मामलों में बढ़ोतरी देखी गई है।
01:39 PM, 25-Apr-2026
तनाव के बीच ईरान ने शुरू की हवाई सेवाएं
पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच ईरान ने एक बड़ा कदम उठाते हुए तेहरान के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से वाणिज्यिक उड़ानों को फिर से शुरू कर दिया है। करीब दो महीने बाद शुरू हुई इन सेवाओं को क्षेत्र में सामान्य स्थिति की ओर बढ़ते संकेत के तौर पर देखा जा रहा है।
सरकारी मीडिया के अनुसार, तेहरान स्थित इमाम खुमैनी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा से शनिवार को इस्तांबुल, मस्कट और सऊदी अरब के मदीना शहर के लिए उड़ानें रवाना हुईं। फ्लाइट ट्रैकिंग प्लेटफॉर्म Flightradar24 के मुताबिक, कम से कम तीन उड़ानें सुबह इस्तांबुल के लिए रवाना हुईं। इससे पहले ईरान ने इस महीने की शुरुआत में आंशिक रूप से अपना हवाई क्षेत्र खोला था, जब अमेरिका के साथ युद्धविराम के बाद हालात कुछ सामान्य हुए।
12:06 PM, 25-Apr-2026
ईरान के विदेश मंत्री अराघची की फील्ड मार्शल आसिम मुनीर से मुलाकात
ईरान की इस्लामिक रिपब्लिक एंबेसी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने पाकिस्तान के फील्ड मार्शल असीम मुनीर से शिष्टाचार भेंट की। सूत्रों के अनुसार, इस बैठक में दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंधों, क्षेत्रीय स्थिरता और चल रहे कूटनीतिक प्रयासों पर चर्चा हुई।
पाकिस्तान लगातार क्षेत्र में मध्यस्थ की भूमिका निभाने की कोशिश कर रहा है, खासकर ईरान और अमेरिका के बीच संभावित वार्ता को लेकर। हाल के दिनों में इस्लामाबाद में सुरक्षा और राजनीतिक गतिविधियां तेज रही हैं। शहर में उच्च स्तरीय कूटनीतिक बैठकों के चलते सख्त सुरक्षा इंतजाम भी किए गए हैं।
#WATCH | Embassy of the Islamic Republic of Iran in Pakistan tweets, “Iranian Foreign Minister Dr Seyed Abbas Araghchi calls on Pakistani Field Marshal Syed Asim Munir.”
(Source: Embassy of Iran in Pakistan) pic.twitter.com/hdVpNjYVGj
— ANI (@ANI) April 25, 2026
11:28 AM, 25-Apr-2026
अमेरिका-ईरान वार्ता पर अनिश्चितता बरकरार
पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में सुरक्षा कारणों से लगाया गया लॉकडाउन शनिवार को भी जारी रहा। शहर के कई हिस्सों में पिछले एक सप्ताह से ज्यादा समय से कड़ी पाबंदियां लागू हैं। इस बीच, अमेरिका और ईरान के बीच प्रस्तावित दूसरे दौर की वार्ता को लेकर अभी भी स्थिति साफ नहीं है।
शहर के मुख्य मार्गों को बंद कर दिया गया है, जबकि सरकारी इमारतों और दूतावासों वाले रेड जोन में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। वहीं, ‘ब्लू एरिया’ जैसे व्यावसायिक क्षेत्रों में बाजार लगभग सूने पड़े हैं। कैफे में सामान की कमी देखी जा रही है और सार्वजनिक परिवहन सेवाएं बंद होने से लोग परेशान हैं।
स्थानीय निवासियों के अनुसार, सबसे बड़ी समस्या अनिश्चितता है। इस्लामाबाद में बड़ी संख्या में लोग सप्ताह के दौरान काम के लिए रहते हैं और सप्ताहांत में अपने परिवारों के पास लौट जाते हैं, लेकिन लॉकडाउन ने उनकी दिनचर्या को प्रभावित कर दिया है। यह पिछले कुछ हफ्तों में दूसरी बार है जब शहर को बंद किया गया है। इससे पहले 11 अप्रैल को भी अमेरिका-ईरान वार्ता के लिए शहर को सील किया गया था, जो बिना किसी समझौते के समाप्त हुई थी।


