पश्चिम एशिया में अमेरिका और ईरान के बीच छिड़ा संघर्ष लगातार गहराता जा रहा है। वहीं, होर्मुज जलडमरूमध्य में रविवार को एक तेल टैंकर के समुद्री बारूदी सुरंग से टकराने के बाद उसमें धमाका हो गया। ईरान की अर्द्ध-सरकारी समाचार एजेंसी तस्नीम ने यह जानकारी दी। यह घटना दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री ऊर्जा मार्गों में से एक में हुई ताजा घटना है।
तस्नीम की रिपोर्ट के अनुसार, तेल टैंकर होर्मुज जलडमरूमध्य में ईरानी अधिकारियों द्वारा निर्धारित समुद्री मार्ग से हटने के बाद बारूदी सुरंग से टकरा गया। हालांकि, रिपोर्ट में जहाज की पहचान, उसमें लदे माल, उसके गंतव्य या किसी के हताहत होने की जानकारी नहीं दी गई है।
पश्चिम एशिया में बने हुए है तनावपूर्ण हालात
इस मामले पर फिलहाल ईरानी अधिकारियों की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया था। साथ ही, इस घटना की स्वतंत्र रूप से पुष्टि भी नहीं हो सकी है। यह घटना ऐसे समय सामने आई है जब ईरान, अमेरिका और इस्राइल के बीच पिछले कई महीनों से जारी तनाव के कारण खाड़ी क्षेत्र में हालात पहले से ही तनावपूर्ण बने हुए हैं।
इससे पहले ईरान ने रविवार को घोषणा की कि उसने पश्चिम एशिया में अमेरिकी सहयोगियों के खिलाफ जवाबी हमले अस्थायी रूप से रोक दिए हैं। यह निर्णय पिछले दो रातों में ईरानी क्षेत्र पर अमेरिकी सैन्य हमलों में विराम के बाद लिया गया। इस घोषणा से वॉशिंगटन और तेहरान के बीच महीनों से चले आ रहे टकराव के कम होने की उम्मीदें जगी हैं, हालांकि दोनों पक्ष उच्च सतर्कता बरत रहे हैं।
ईरान ने रोके अमेरिका के सहयोगी देशों पर जवाबी हमले
सेना के प्रवक्ता मोहम्मद अकरमिया ने कहा कि ईरान की प्रतिक्रिया हमेशा जवाबी कार्रवाई पर आधारित रही है और तेहरान ने हाल ही में अमेरिकी हमलों के रुकने के बाद अपने अभियान निलंबित करने का फैसला किया है। उन्होंने कहा, “ये हमले दो रात पहले तक जारी रहे, लेकिन पिछले दो रातों में अमेरिकियों ने अपने हमले रोक दिए हैं।” उन्होंने आगे कहा, “हमारी रणनीति अनिवार्य रूप से जवाबी रही है, इसलिए हमने अपने जवाबी अभियान भी रोक दिए हैं।”
युद्धविराम ने इस अटकल को फिर से हवा दी है कि तेहरान और वॉशिंगटन के बीच फिर से संबंधों को बहाल करने की कोशिशें शुरू हो सकती हैं। हालांकि, अमेरिकी मीडिया रिपोर्टों से पता चलता है कि यह ठहराव केवल कूटनीति से प्रेरित नहीं हो सकता है। न्यूयॉर्क टाइम्स की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि पैट्रियट इंटरसेप्टर मिसाइलों सहित प्रमुख रक्षा प्रणालियों की आपूर्ति में कमी की चिंताओं के कारण अमेरिका की आगे सैन्य वृद्धि की योजनाओं में देरी हुई है।
होर्मुज जलडमरूमध्य क्यों जरूरी?
रिपोर्ट में कहा गया है कि व्हाइट हाउस एक विस्तारित संघर्ष के व्यापक परिणामों पर भी विचार कर रहा है, जिसमें खाड़ी सहयोगियों और वैश्विक अर्थव्यवस्था पर इसका प्रभाव भी शामिल है। अमेरिका और इस्राइल द्वारा फरवरी में ईरान के खिलाफ सैन्य अभियान शुरू किए जाने के बाद से ईरान ने प्रभावी रूप से होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद कर रखा है। इससे दुनिया के सबसे व्यस्त ऊर्जा समुद्री मार्गों में से एक पर जहाजों की आवाजाही गंभीर रूप से प्रभावित हुई है।
होर्मुज जलडमरूमध्य वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग माना जाता है। सऊदी अरब, कुवैत सहित खाड़ी के कई तेल उत्पादक देशों का कच्चा तेल इसी रास्ते एशिया, यूरोप और दुनिया के अन्य बाजारों तक पहुंचता है। ऐसे में इस जलमार्ग में किसी भी तरह की बाधा पर वैश्विक ऊर्जा बाजारों की करीबी नजर रहती है, क्योंकि इसका सीधा असर तेल की आपूर्ति और कीमतों पर पड़ सकता है।


