पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस के अंदर जारी राजनीतिक खींचतान के बीच विधानसभा में विपक्ष के नेता ऋतब्रत बनर्जी ने दावा किया कि पार्टी के 64 असंतुष्ट विधायक उनके साथ हैं। उन्होंने कहा कि इन विधायकों की सूची विधानसभा अध्यक्ष को सौंप दी गई है। उन्होंने कहा कि अगर अध्यक्ष आवश्यक समझें तो फ्लोर टेस्ट कराकर समर्थन की वास्तविक स्थिति स्पष्ट की जा सकती है।
विधानसभा में नवनिर्वाचित विधायकों देबांग्शु पांडा (भाजपा) और स्वाति खंडाकर (तृणमूल) के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने के बाद पत्रकारों से बातचीत में ऋतब्रत बनर्जी ने कहा कि जिस तरह संसद में बागी सांसदों ने लोकसभा अध्यक्ष को अपनी सूची सौंपी थी, उसी तरह असंतुष्ट तृणमूल विधायकों ने भी विधानसभा अध्यक्ष को अपनी सूची दी है।
फिरहाद हकीम को लेकर चल रही अटकलों पर नहीं दिया जवाब
उन्होंने दावा किया कि उनके साथ विधायकों की संख्या 64 है और फ्लोर टेस्ट होने पर वे अपना बहुमत साबित कर देंगे। न्यू तृणमूल गुट के नेता ऋतब्रत ने कहा कि सोमवार या मंगलवार तक उनकी ताकत को लेकर और स्पष्ट तस्वीर सामने आ जाएगी। हालांकि उन्होंने किसी व्यक्तिगत नेता पर टिप्पणी करने से इनकार किया। पूर्व कोलकाता मेयर फिरहाद हकीम को लेकर चल रही अटकलों पर भी उन्होंने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।
स्वाति खंडाकर के शपथ ग्रहण में शामिल होना नैतिक जिम्मेदारी
स्वाति खंडाकर के शपथ ग्रहण को लेकर ऋतब्रत ने कहा कि समारोह में शामिल होना उनकी नैतिक जिम्मेदारी थी। इससे उनके राजनीतिक समर्थन का कोई संकेत नहीं निकाला जाना चाहिए। उन्होंने वरिष्ठ सांसद कल्याण बनर्जी की हालिया टिप्पणियों का जिक्र करते हुए कहा कि जो बातें उन्होंने व्यक्तिगत रूप से कही हैं, वही बातें असंतुष्ट खेमे लंबे समय से सामूहिक रूप से उठाता रहा है। ऋतब्रत ने यह भी आरोप लगाया कि सांसदों को अपने क्षेत्रों से जुड़े मुद्दों पर स्वतंत्र रूप से सवाल उठाने की पर्याप्त छूट नहीं दी जाती थी।


