राजधानी के हाईप्रोफाइल त्विषा शर्मा संदिग्ध मौत मामले में भोपाल केंद्रीय जेल में बंद भोपाल की सेवानिवृत्त प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश गिरिबाला सिंह ने जमानत के लिए उच्च न्यायालय जबलपुर का दरवाजा खटखटाया है। कुछ दिनों पहले ही सिंह की जमानत याचिका को भोपाल जिला न्यायालय के प्रथम अतिरिक्त जिला व सत्र न्यायाधीश रामप्रताप मिश्रा की अदालत ने खारिज कर दिया था।
जिला न्यायालय द्वारा जमानत याचिका को खारिज किए जाने को गिरिबाला सिंह ने उच्च न्यायालय में चुनौती देते हुए याचिका दायर की है। वहीं 11 अगस्त को भोपाल जिला एवं सत्र न्यायालय में होने वाली सुनवाई के दौरान मामले की जांच कर ही केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) मामले में चालान प्रस्तुत कर सकती है। सीबीआई द्वारा समय पर चालान प्रस्तुत नहीं किए जाने की स्थिति में ही सिंह को जमानत मिलने की संभावना है। ऐसे में सीबीआई दहेज हत्या के मामले में निर्धारित अवधि के अंदर ही कोर्ट में चालान प्रस्तुत करने की तैयारी में है। अगर पूरी जांच और एफएसएल रिपोर्ट और डिजिटल साक्ष्य एकत्रित नहीं हो सकेंगे तो सीबीआई आगे चलकर पूरक चालान भी प्रस्तुत कर सकती है।
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क्या है पूरा मामला
जानकारी के अनुसार मॉडल व अभिनेत्री नोएडा निवासी त्विषा शर्मा की 12 मई को भोपाल के कटारा हिल्स थाना क्षेत्र स्थित बागमुगालिया एक्सटेंशन कॉलोनी में ससुराल के मकान में छत पर बने टीन के शेड में फंदे पर लटका शव मिला था। संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में उनके परिजनों ने हत्या करार देते हुए पति अधिवक्ता समर्थ सिंह और साव पूर्व सेवानिवृत्त प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश पर हत्या का प्रकरण दर्ज किए जाने की मांग कर भोपाल में जमकर हंगामा किया था। मामला तूल पकड़ता देख प्रदेश सरकार ने सीबीआई जांच की सिफारिश कर दी। परिजनों की मांग पर जबलपुर उच्च न्यायालय ने दिल्ली एम्स के विशेषज्ञों की टीम द्वारा त्विषा का दोबारा पीएम करने का आदेश दिया, जिसके बाद 24 मई को त्विषा का दोबारा पीएम किया गया। संदिग्ध मौके मामले में त्विषा शर्मा की सास गिरिबाला सिंह और पति समर्थ सिंह भोपाल केंद्रीय जेल में बंद हैं।


