सोशल मीडिया पर सक्रिय रहने वाले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अब जेन-जी से संवाद का तरीका बदल दिया है। वर्षों तक उनके सोशल मीडिया पोस्ट सरकारी कार्यक्रमों, विदेश यात्राओं, भाषणों और तस्वीरों तक सीमित रहे। लेकिन नीट-यूजी आंदोलन के बाद प्रधानमंत्री पहली बार रील स्टाइल में सीधे मोबाइल कैमरे के सामने आए। न मंच था, न पोडियम और न ही पारंपरिक संबोधन। उनका पूरा फोकस उस पीढ़ी से सीधे जुड़ने पर दिखा, जो आज सबसे ज्यादा समय इंस्टाग्राम और रील्स पर बिताती है। इस नई रणनीति का असर भी तुरंत दिखाई दिया। छह दिनों में उनके इंस्टाग्राम पर 26 लाख से ज्यादा नए फॉलोअर्स जुड़े, जबकि एंगेजमेंट और व्यूज ने पुराने सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए।
अब मंत्रियों, सांसदों और संगठन के पदाधिकारियों को भी मैसेज
23 जुलाई की रात 11:52 बजे प्रधानमंत्री ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर एक वीडियो साझा किया। यह उनके अब तक के सोशल मीडिया पोस्ट से बिल्कुल अलग था। वीडियो किसी सरकारी कार्यक्रम का संपादित हिस्सा नहीं था, बल्कि प्रधानमंत्री खुद मोबाइल कैमरे के सामने बैठकर सीधे लोगों से बात कर रहे थे। यही फॉर्मेट आज की जेन-जी सबसे ज्यादा पसंद करती है। छोटी अवधि का वीडियो, सीधे कैमरे से संवाद और बिना औपचारिकता की बातचीत। प्रधानमंत्री का यह अंदाज उनके पिछले दस वर्षों की सोशल मीडिया शैली से बिल्कुल अलग था। यही कारण है कि इस वीडियो को 381 मिलियन व्यूज मिले। इसके बाद शुक्रवार को दूसरा वीडियो आया, जिसमें प्रधानमंत्री ने कहा कि पिछले वीडियो को लोगों ने भरपूर प्यार दिया। इस वीडियो को भी 258 मिलियन व्यूज मिले। रविवार को तीसरा वीडियो भी इसी फॉर्मेट में आया और पहले 30 मिनट में ही 1.5 करोड़ व्यूज मिल गए। राजनीतिक और डिजिटल कम्युनिकेशन विशेषज्ञ इसे प्रधानमंत्री की सोशल मीडिया रणनीति में बड़ा बदलाव मान रहे हैं। सूत्रों के अनुसार, पार्टी संगठन और केंद्रीय मंत्रियों को भी नई पीढ़ी से इसी तरह छोटे वीडियो और रील्स के जरिए संवाद बढ़ाने की सलाह दी गई है।
79% यूजर्स की उम्र 18-34 साल के बीच
भारत इंस्टाग्राम का सबसे बड़ा बाजार है। देश में करीब 55.3 करोड़ लोग इस प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करते हैं। इनमें सबसे बड़ी आबादी 18 से 24 वर्ष के युवाओं की है। इस आयु वर्ग के करीब 21.2 करोड़ युवा इंस्टाग्राम पर सबसे ज्यादा एक्टिव हैं। वहीं, अगर 18 से 34 साल तक का आंकड़ा देखें तो यह बढ़कर करीब 79 प्रतिशत हो जाता है। यही वह वर्ग है, जिसे आमतौर पर जेन-जी और यंग मिलेनियल कहा जाता है। ऐसे में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का इंस्टाग्राम पर रील्स के जरिए सीधे संवाद करना महज सोशल मीडिया प्रयोग नहीं, बल्कि देश के सबसे बड़े डिजिटल युवा वर्ग तक पहुंचने की नई रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है।
आंकड़े
- 20 जुलाई तक फॉलोअर्स: 101 मिलियन
- 27 जुलाई तक फॉलोअर्स: 105 मिलियन से अधिक
- कुल बढ़ोतरी: 33.86 लाख नए फॉलोअर्स
क्या रही सबसे दिलचस्प बात?
- 24 जुलाई को एक ही दिन में 11 लाख नए फॉलोअर्स जुड़े।
- 25 जुलाई को फिर 12 लाख नए फॉलोअर्स बढ़ गए।
- 26 जुलाई को 8.22 लाख नए फॉलोअर्स बढ़े।
यानी सिर्फ तीन दिनों में ही करीब 30 लाख लोग प्रधानमंत्री के इंस्टाग्राम से जुड़े।
पहले घट रहे थे फॉलोअर्स
यह बढ़ोतरी इसलिए भी अहम मानी जा रही है क्योंकि इसके ठीक पहले प्रधानमंत्री के इंस्टाग्राम पर लगातार फॉलोअर्स घट रहे थे। ये वो समय था, जब जंतर-मंतर पर छात्रों का प्रदर्शन चल रहा था। 18 जुलाई को जंतर-मंतर से सोनम वांगचुक को हटाया गया। इसके अगले ही दिन एक लाख से ज्यादा फॉलोअर्स पीएम मोदी के घट गए। 15 जुलाई से 21 जुलाई तक हर रोज 15 से 25 हजार के बीच फॉलोअर्स कम हुए। 22 जुलाई को वो आखिरी दिन था, जब आंदोलन के बीच प्रधानमंत्री के 57 हजार फॉलोअर्स घटे थे।
एंगेजमेंट के सारे रिकॉर्ड टूटे
सिर्फ फॉलोअर्स ही नहीं, लोगों की भागीदारी भी कई गुना बढ़ गई।
- वीकली एंगेजमेंट रेट: 8% से बढ़कर 17.86%
- औसत लाइक्स: 35,10,964 (123% बढ़ोतरी)
- औसत कमेंट्स: 2,13,385 (2,556% बढ़ोतरी)
2014 से 2026 तक बदली पूरी सोशल मीडिया यात्रा
12 नवंबर 2014 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इंस्टाग्राम पर अपनी पहली पोस्ट साझा करते हुए लिखा था, “हेलो वर्ल्ड! इंस्टाग्राम पर आकर बहुत अच्छा लग रहा है। यह मेरी पहली तस्वीर है, जो एशियन समिट के मंच से ली गई है।” उस समय इंस्टाग्राम पर तस्वीरें ही मुख्य माध्यम हुआ करती थीं। 18 नवंबर 2014 की दूसरी पोस्ट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ऑस्ट्रेलिया के तत्कालीन प्रधानमंत्री टोनी एबॉट कुछ बच्चों की तस्वीरें खींचते दिखाई दिए। कैप्शन था, “प्रधानमंत्री एबॉट और मैं फोटोग्राफर बन गए।” उस समय इस पोस्ट पर सिर्फ 1,730 कमेंट्स आए थे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इंस्टाग्राम पर अपना पहला वीडियो 29 मई 2016 को साझा किया था। यह वीडियो मेघालय में आयोजित एक कार्यक्रम का था, जिसमें स्थानीय कलाकार लोकनृत्य और पारंपरिक वाद्य यंत्रों की प्रस्तुति दे रहे थे। वीडियो के साथ प्रधानमंत्री ने लिखा था, “देश का मालिक मुझ जैसे प्रधान सेवक की पीठ थपथपाकर शाबाशी दे, इससे बड़ा सौभाग्य क्या हो सकता है?” उस समय इस वीडियो पर 2,522 कमेंट्स आए थे और केवल 70 लोगों ने इसे रीपोस्ट किया था।
इसके बाद 10 जुलाई 2016 को प्रधानमंत्री ने तंजानिया दौरे का एक वीडियो साझा किया। इसमें एयरपोर्ट पर स्थानीय कलाकार पारंपरिक लोकनृत्य के साथ उनका स्वागत करते नजर आ रहे थे। उस वीडियो पर 3,660 कमेंट्स आए थे, जबकि सिर्फ 32 लोगों ने उसे रीपोस्ट किया।
अब तक 1,452 पोस्ट, लेकिन पहली बार ऐसा अंदाज
प्रधानमंत्री ने अब तक इंस्टाग्राम पर 1,452 पोस्ट किए हैं। उनके 104 मिलियन से अधिक फॉलोअर्स हैं और वह किसी को भी फॉलो नहीं करते। दिलचस्प बात यह है कि एक दशक से अधिक समय तक उनके इंस्टाग्राम पोस्ट मुख्य रूप से सरकारी कार्यक्रमों, विदेश यात्राओं, योजनाओं, भाषणों और तस्वीरों पर केंद्रित रहे। लेकिन जुलाई 2026 में पहली बार उन्होंने मोबाइल-फर्स्ट, रील-स्टाइल, सीधे कैमरे में देखकर संवाद करने वाला फॉर्मेट अपनाया।


