06:08 PM, 26-Jul-2026
ईरान का दावा- समुद्री बारूदी सुरंग से टकराया एक तेल से लदा जहाज
ईरानी मीडिया के मुताबिक, तेहरान के तय किए गए होर्मुज रूट से हटने के बाद एक टैंकर समुद्री बारूदी सुरंग से टकराया है। कहा जा रहा है कि होर्मुज जलडमरूमध्य में एक बारूदी सुरंग से टकराने के बाद एक तेल टैंकर में धमाका हुआ है। तस्नीम समाचार एजेंसी ने बताया कि यह जहाज उस अहम समुद्री रास्ते पर तेहरान द्वारा मंज़ूर किए गए रूट से हटने के बाद समुद्री बारूदी सुरंग से टकराया। ईरानी अधिकारियों ने अभी तक इस घटना पर कोई टिप्पणी नहीं की है।
02:38 PM, 26-Jul-2026
IRGC ने होर्मुज में जहाजों पर चेतावनी के तौर पर गोलियां चलाईं
ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने पिछले 24 घंटों में छह जहाजों पर चेतावनी के तौर पर गोलियां चलाईं, जब वे होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने की कोशिश कर रहे थे। ईरान के सरकारी टेलीविजन ने बताया कि जहाजों को उनकी यात्रा जारी रखने से रोका गया, क्योंकि वे तेहरान द्वारा तय किए गए ‘निर्धारित रास्ते’ से हटकर चल रहे थे। शनिवार को भी, होर्मुज जलडमरूमध्य से गुज़रने की कोशिश कर रहे चार जहाजों को IRGC ने बिना अनुमति गुजरने की वजह से रोक दिया था। होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाजों के रास्ते को लेकर मतभेद अमेरिका और ईरान के बीच विवाद का एक मुख्य कारण रहा है, जिससे इस क्षेत्र में हालिया टकराव पैदा हुआ है।
01:25 PM, 26-Jul-2026
निशाने पर हैं जॉर्डन, कुवैत और बहरीन में मौजूद अमेरिकी बेस- ईरान
ब्रिगेडियर जनरल मोहम्मद रजा अकरमिनिया का कहना है कि तेहरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य पर अपने अधिकारों को जताने के लिए कदम उठाए। यह कदम तब उठाया गया जब अमेरिका ने जून में हुए समझौता ज्ञापन का उल्लंघन करते हुए होर्मुज जलडमरूमध्य में एक नकली और गैर-कानूनी रास्ता बनाने की कोशिश की। तस्नीम समाचार एजेंसी के अनुसार, उन्होंने कहा, ‘इन ऑपरेशन्स में, इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान की सेना ने जॉर्डन, कुवैत और बहरीन में मौजूद अमेरिकी बेस को – जिन्हें इस क्षेत्र में अमेरिका के सबसे महत्वपूर्ण बेस माना जाता है – अपने ऑपरेशन्स के केंद्र में रखा’।
होर्मुज जलडमरूमध्य से होकर गुज़रने वाले शिपिंग रूट्स के मैनेजमेंट को लेकर अमेरिका और ईरान के बीच विवाद के कारण यह एमओयू टूट गया है। अमेरिका ने लगातार 13 रातों तक ईरान पर हमले किए, जिसके जवाब में ईरान ने बहरीन, कुवैत और जॉर्डन में मौजूद अमेरिकी बेस पर हमले किए। अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इंटरसेप्टर मिसाइल के स्टॉक में कमी की चिंता और कूटनीति के लिए गुंजाइश बनाने के मकसद से ट्रंप ने शुक्रवार को हमलों को रोक दिया।
01:24 PM, 26-Jul-2026
कतर में समुद्री नेविगेशन गतिविधियां ‘पूरी तरह’ से फिर शुरू
कतर के परिवहन मंत्रालय का कहना है कि ‘रविवार, 26 जुलाई 2026 से सभी तरह के समुद्री जहाजों और नावों के लिए गतिविधियां पूरी तरह से फिर शुरू हो सकती हैं’। एक्स पर एक पोस्ट में, मंत्रालय ने जहाजों से कहा कि वे ‘सभी यात्राओं के दौरान सुरक्षा के उच्चतम स्तर को सुनिश्चित करने के लिए समुद्री नियमों और निर्देशों का पालन करें’। होर्मुज जलडमरूमध्य में समुद्री आवाजाही पर प्रतिबंध तब लगाए गए थे, जब अमेरिका और ईरान के बीच एक-दूसरे पर घातक हमले फिर से शुरू हो गए थे; इन हमलों में इस जलमार्ग से गुजरने वाले जहाज भी शामिल थे।
07:54 AM, 26-Jul-2026
अमेरिका पर ईरान ने लगाए गंभीर आरोप
अमेरिका पर ईरान ने गंभीर आरोप लगाए हैं। विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने शनिवार को (स्थानीय समय) कहा, अमेरिका होर्मुज जलडमरूमध्य में अनाधिकृत वैकल्पिक मार्ग स्थापित करके जून में हुए ‘इस्लामाबाद समझौते’ का जानबूझकर उल्लंघन कर रहा है। वाणिज्यिक जहाजों को तेहरान के निर्धारित गलियारों से दूर मोड़कर समझौते के अनुच्छेद 5 का स्पष्ट उल्लंघन किया गया। ये वाशिंगटन की साधारण गलतफहमी से कहीं अधिक थी। ऐसा लगता है कि उन्होंने ईरान द्वारा निर्धारित जलमार्ग से इतर अन्य रास्ते को तैयार करने पर जोर दिया ताकि होर्मुज जलडमरूमध्य से सुरक्षित और निर्बाध आवागमन सुनिश्चित किया जा सके। विदेश मंत्री ने कहा कि अमेरिकी सेना ने सक्रिय रूप से जहाजों को दूसरी दिशा में वैकल्पिक मार्ग पर जाने का निर्देश दिया।
07:05 AM, 26-Jul-2026
क्या ट्रंप ने ईरान पर हमलों की योजना टाली, रिपोर्ट में दावा?
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के खिलाफ बड़े सैन्य अभियान की योजनाओं को फिलहाल स्थगित कर दिया है। पश्चिम एशिया में कार्रवाई के लिए पेंटागन (अमेरिकी रक्षा विभाग) के वायु रक्षा भंडारों में गंभीर कमी के कारण ये फैसला लिया गया है। एक रिपोर्ट के मुताबिक ट्रंप ने अमेरिकी रक्षा अधिकारियों की बढ़ती चेतावनियों के मद्देनजर व्यापक आक्रमण से बचने का विकल्प चुना है। न्यूयॉर्क टाइम्स की एक रिपोर्ट के अनुसार, पैट्रियट एंटीमिसाइल इंटरसेप्टर की आपूर्ति खतरनाक रूप से कम होने का खतरा है। ऐसा होने पर अमेरिकी सैनिकों, खाड़ी देशों में सहयोगियों और महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों पर जवाबी हमले हो सकते हैं।
शीर्ष प्रशासनिक अधिकारियों और सैन्य कमांडरों के बीच निजी विचार-विमर्श में पैट्रियट इंटरसेप्टर और क्षेत्र में तैनात अन्य रक्षा प्रणालियों की घटती संख्या को लेकर चर्चा की गई। न्यूयॉर्क टाइम्स ने एक वरिष्ठ अमेरिकी अधिकारी के हवाले से कहा, जॉर्डन में ईरानी ड्रोन और मिसाइलों की बौछार के दौरान दुश्मन की एक बैलिस्टिक मिसाइल ने अमेरिकी रक्षा पंक्ति को भेद डाला। यहां तीन अमेरिकी सैनिकों की मौत के बाद चिंताएं और बढ़ गईं। अमेरिकी ज्वाइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के अध्यक्ष जनरल डैन केन ने निजी तौर पर ट्रंप को हमले रोकने की सलाह दी है।
हालांकि डैन ने ये भी कहा है कि ईरान के खिलाफ बड़े सैन्य अभियान चलाना संभव हैं, लेकिन इससे अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के सामने इंटरसेप्टर आपूर्ति का संकट पैदा हो सकता है। इन बिंदुओं पर अमेरिकी प्रशासन के रुख के बारे में व्हाइट हाउस के संचार निदेशक स्टीवन चेउंग ने कहा, राष्ट्रपति ट्रंप हमेशा से कहते रहे हैं कि वे राजनयिक समाधान को प्राथमिकता देते हैं, लेकिन अगर ईरान होर्मुज जलडमरूमध्य में या सहयोगियों के खिलाफ हमले या आतंकी गतिविधियां जारी रखता है तो अमेरिका के सामने सभी विकल्प खुले हैं।
06:38 AM, 26-Jul-2026
क्या ईरान से जंग को लेकर ट्रंप के तेवर नरम पड़े?
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के खिलाफ नए हवाई हमलों पर रोक लगाने का निर्देश दिया है। यह निर्णय 13 दिनों से जारी सैन्य कार्रवाई के बीच आया है। एक्सियोस की रिपोर्ट के अनुसार, ट्रंप का यह आदेश ओमान के एक प्रतिनिधिमंडल के तेहरान पहुंचने के कुछ घंटों बाद आया। प्रतिनिधिमंडल होर्मुज को फिर से खोलने पर केंद्रित बातचीत के लिए पहुंचा था। इस चर्चा से परिचित दो क्षेत्रीय सूत्रों का हवाला देते हुए एक्सियोस के हवाले से आई एएनआई की रिपोर्ट के मुताबिक वार्ता में प्रगति हुई है। ओमान और ईरान के बीच एक समझौता सप्ताहांत तक अंतिम रूप ले सकता है। इसके बाद राष्ट्रपति ट्रंप को प्रस्तावित समझौते को स्वीकार करने का निर्णय लेना होगा। इसी बीच अमेरिकी सेना संभावित बड़े लड़ाकू अभियानों के लिए आकस्मिक योजनाएं भी तैयार कर रही है। हालांकि, ट्रंप ने उस दिशा में आगे बढ़ने के कोई आदेश जारी नहीं किए हैं।
06:05 AM, 26-Jul-2026
ईरानी जहाज पर हमला, जेलेंस्की क्या बोले?

जेलेंस्की (फाइल)
– फोटो : ANI
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने ईरान के जहाज पर हमले के बाद बयान जारी किया। उन्होंने कहा कि रूस ईरान को सैटेलाइट से मिली जानकारी (इंटेलिजेंस) दे रहा है। इसके आधार पर खाड़ी देशों में ईरान अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बना रहा है। मॉस्को अपनी सेना को मजबूत करने के लिए 30,000 उत्तर कोरियाई सैनिकों को बुलाने की तैयारी कर रहा है। चेतावनी भरे लहजे में जेलेंस्की ने कहा, यूक्रेनी खुफिया एजेंसियों के पास ईरान-रूस सहयोग के प्रमाण हैं। मैं अपनी खुफिया एजेंसी को निर्देश दूंगा कि वे हमारे सहयोगियों के साथ वह जानकारी साझा करें। जुलाई की शुरुआत से ही हमने खाड़ी देशों और वहां के अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर रूस की सक्रिय सैटेलाइट निगरानी देखी है। रूसी खुफिया जानकारी जुटाने और ईरानी सैन्य कार्रवाई के बीच सीधा संबंध है। हमले से पहले उनकी तैयारी और हमले के बाद हुए नुकसान का आकलन करने में इनका इस्तेमाल होता है। जेलेंस्की ने बताया कि सिर्फ 19 और 20 जुलाई को रूसी सैटेलाइट ने क्षेत्र के चार एयर बेस पर ध्यान केंद्रित किया गया। इनमें दो बहरीन में एक जॉर्डन में और एक कुवैत में हैं।
05:18 AM, 26-Jul-2026
ईरान के विदेश मंत्री ने यूक्रेन को क्या चेतावनी दी?
अपने देश के व्यापारिक जहाज पर हमले से बौखलाए ईरान के विदेश मंत्रालय ने यूक्रेन को अंजाम भुगतने की चेतावनी दी है। उन्होंने कैस्पियन सागर में ईरानी वाणिज्यिक जहाज पर यूक्रेन के हमले की कड़ी निंदा की। मंत्रालय ने यूक्रेन को संभावित जवाबी कार्रवाई की चेतावनी देते हुए कहा, यह कार्रवाई को संयुक्त राष्ट्र चार्टर के अनुच्छेद 2(4) का सीधा उल्लंघन है। क्षेत्र को अस्थिर करने के उद्देश्य से आक्रामक कार्रवाई की जा रही है। यूक्रेन ने हमले की खुली स्वीकारोक्ति से तेहरान के प्रति ‘अतार्किक और शत्रुतापूर्ण दृष्टिकोण’ दिखाया है। ईरान ने दोहराया कि उसने रूस-यूक्रेन संघर्ष में कभी हस्तक्षेप नहीं किया। उसने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC), यूरोपीय देशों और सभी UN सदस्य देशों से यूक्रेन को जवाबदेह ठहराने का आह्वान किया। तेहरान ने कहा कि किसी भी आगे की वृद्धि की जिम्मेदारी पूरी तरह से यूक्रेन और उसके अंतरराष्ट्रीय समर्थकों की होगी।
04:58 AM, 26-Jul-2026
यूक्रेन ने ईरान के जहाज पर हमला किया
ईरान-अमेरिका टकराव से इतर यूक्रेन के हमले से पश्चिम क्षेत्र और आस-पास तनाव बढ़ गया है। दो अन्य महत्वपूर्ण जलमार्ग प्रभावित हुए हैं। यूक्रेन ने कहा कि उसने कैस्पियन सागर में ईरान और रूस के बीच सैन्य आपूर्ति ले जा रहे एक मालवाहक जहाज पर हमला किया। ईरान के विदेश मंत्रालय ने पुष्टि की कि यह एक ईरानी जहाज था। इस हमले में एक चालक दल का सदस्य मारा गया और दूसरा घायल हो गया। पश्चिमी खुफिया आकलन के अनुसार, ईरान से सटे कैस्पियन सागर लंबे समय से ईरानी हथियारों के लिए एक सुरक्षित मार्ग रहा है। सोशल मीडिया पर शनिवार को एक वीडियो क्लिप प्रसारित हुई। द न्यूयॉर्क टाइम्स ने इसकी पुष्टि की, जिसमें सऊदी अरब के जाजान स्थित सऊदी अरामको रिफाइनरी की दिशा से धुएं के गुबार उठते दिख रहे थे। सऊदी अधिकारियों ने टिप्पणी के अनुरोध पर तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।


