भारतीय शेयर बाजार में लगातार दो कारोबारी सत्रों की तेजी के बाद अब निवेशकों की नजर शुक्रवार के कारोबार पर है। गुरुवार को सेंसेक्स और निफ्टी दोनों मजबूत बढ़त के साथ बंद हुए। आईटी शेयरों में जोरदार खरीदारी, वैश्विक बाजारों से मिले सकारात्मक संकेत और कई बड़ी कंपनियों के पहली तिमाही के कारोबारी अपडेट ने निवेशकों का भरोसा बढ़ाया है। ऐसे में सवाल यह है कि क्या बाजार लगातार तीसरे दिन भी तेजी का सिलसिला कायम रख पाएगा या मुनाफावसूली हावी रहेगी।

बाजार की दिशा तय करने में विदेशी संस्थागत निवेशकों की गतिविधियां, अमेरिकी बाजारों का रुख, कंपनियों के तिमाही अपडेट और कॉरपोरेट घोषणाएं अहम भूमिका निभाएंगी। हाल के दिनों में आईटी सेक्टर ने बाजार को मजबूत सहारा दिया है। इसके अलावा बैंकिंग, ऑटो और मेटल सेक्टर के कई शेयर भी निवेशकों की निगाह में हैं। यदि वैश्विक बाजारों से सकारात्मक संकेत जारी रहते हैं तो घरेलू बाजार में खरीदारी का माहौल और मजबूत हो सकता है।
बाजार के लिए कौन-कौन से संकेत सकारात्मक हैं?
गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार में चौतरफा खरीदारी देखने को मिली। सेंसेक्स करीब 579 अंक की बढ़त के साथ बंद हुआ, जबकि निफ्टी भी 169 अंक मजबूत होकर बंद हुआ। अमेरिकी बाजारों में मजबूती और एशियाई बाजारों से मिले सकारात्मक संकेतों ने घरेलू निवेशकों का भरोसा बढ़ाया। विशेषज्ञों का कहना है कि महंगाई, ब्याज दरों और वैश्विक आर्थिक हालात को लेकर फिलहाल बाजार में पहले जैसी चिंता नहीं दिख रही है। यही वजह है कि निवेशक मजबूत बुनियादी स्थिति वाली कंपनियों में खरीदारी कर रहे हैं।
आज किन शेयरों पर रहेगी सबसे ज्यादा नजर?
- मैरिको: घरेलू कारोबार में बेहतर प्रदर्शन के संकेत।
- हिंदुस्तान जिंक: पहली तिमाही में रिकॉर्ड उत्पादन।
- अदाणी एंटरप्राइजेज: ओडिशा में बड़ी एल्युमिनियम परियोजना के लिए समझौता।
- मारुति सुजुकी: हरियाणा के खरखौदा स्थित नए प्लांट का शुभारंभ।
- यस बैंक: पहली तिमाही के कारोबारी अपडेट पर नजर।
- बजाज फाइनेंस: बिजनेस अपडेट के चलते फोकस में।
- बजाज हाउसिंग फाइनेंस: एसेट अंडर मैनेजमेंट (AUM) के आंकड़ों पर नजर।
- रेलटेल: कारोबारी गतिविधियों के कारण चर्चा में।
- भारत पेट्रोलियम (BPCL): निवेशकों की नजर बनी रहेगी।
- पीबी फिनटेक: तिमाही अपडेट के चलते फोकस में।
- एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स इंडिया: जीएसटी मामले में राहत के बाद चर्चा में।
- एवेन्यू सुपरमार्ट्स (DMart): कारोबार से जुड़े अपडेट के कारण निवेशकों की नजर।
तिमाही कारोबारी अपडेट निवेशकों को क्या संकेत दे रहे हैं?
अप्रैल-जून तिमाही के शुरुआती कारोबारी आंकड़े भी बाजार के लिए उत्साहजनक माने जा रहे हैं। कई सरकारी और निजी बैंकों ने अपने ऋण वितरण और जमा राशि में अच्छी बढ़ोतरी दर्ज की है। पंजाब नेशनल बैंक, यूनियन बैंक, यूको बैंक, सेंट्रल बैंक और सीएसबी बैंक ने मजबूत बिजनेस ग्रोथ की जानकारी दी है। वहीं बजाज फाइनेंस और बजाज हाउसिंग फाइनेंस की एसेट अंडर मैनेजमेंट में भी अच्छी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इन आंकड़ों से संकेत मिलता है कि वित्तीय क्षेत्र में कारोबारी गतिविधियां मजबूत बनी हुई हैं, जिसका सकारात्मक असर शेयर बाजार पर भी देखने को मिल सकता है।
कंपनियों के कारोबारी अपडेट बाजार को कैसे प्रभावित करेंगे?
शुक्रवार के कारोबार में कई कंपनियों के पहली तिमाही के बिजनेस अपडेट का असर भी देखने को मिल सकता है। पीसी ज्वेलर ने अपने राजस्व में मजबूत वृद्धि का दावा किया है और चालू तिमाही में कर्ज मुक्त होने का लक्ष्य दोहराया है। वहीं कुछ कंपनियों ने उत्पादन बढ़ने, नई परियोजनाओं और कारोबार विस्तार की जानकारी दी है। निवेशकों की नजर उन कंपनियों पर भी रहेगी जिनकी बोर्ड बैठक, वार्षिक आम बैठक (एजीएम), डिविडेंड या अन्य कॉरपोरेट घोषणाएं होने वाली हैं। ऐसे अपडेट अक्सर संबंधित शेयरों में तेज उतार-चढ़ाव का कारण बनते हैं।
एफआईआई, ग्लोबल मार्केट और कमोडिटी बाजार की क्या रहेगी भूमिका?
शेयर बाजार की चाल सिर्फ घरेलू खबरों से तय नहीं होगी। विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) की खरीद-बिक्री, अमेरिकी और एशियाई बाजारों का प्रदर्शन, कच्चे तेल की कीमतें और डॉलर की चाल भी निवेशकों की रणनीति को प्रभावित करेंगी। यदि विदेशी निवेशकों की खरीदारी जारी रहती है और वैश्विक बाजारों से सकारात्मक संकेत मिलते हैं, तो भारतीय बाजार में तेजी का सिलसिला आगे बढ़ सकता है। हालांकि किसी भी नकारात्मक वैश्विक घटनाक्रम का असर बाजार पर तुरंत दिखाई दे सकता है।
क्या लगातार तीसरे दिन भी बाजार में तेजी रह सकती है?
फिलहाल बाजार का रुख सकारात्मक दिखाई दे रहा है। मजबूत वैश्विक संकेत, आईटी सेक्टर में खरीदारी, बैंकों और बड़ी कंपनियों के बेहतर कारोबारी अपडेट तथा विदेशी निवेशकों की गतिविधियां बाजार को समर्थन दे सकती हैं। हालांकि अंतिम दिशा कारोबार के दौरान आने वाले नए संकेतों और निवेशकों की धारणा पर निर्भर करेगी। यदि सकारात्मक माहौल बना रहता है तो भारतीय शेयर बाजार लगातार तीसरे कारोबारी दिन भी बढ़त के साथ बंद हो सकता है।

