लोकप्रिय विषय मौसम क्रिकेट ऑपरेशन सिंदूर क्रिकेट स्पोर्ट्स बॉलीवुड जॉब - एजुकेशन बिजनेस लाइफस्टाइल देश विदेश राशिफल आध्यात्मिक अन्य
---Advertisement---

ब्रिटिश-सिख ने इंग्लैंड में की युवक की हत्या, मिली आजीवन कारावास की सजा, फिर भी UK से लेकर US तक क्यों मचा बवाल?

[wplt_featured_caption]

---Advertisement---

Show Quick Read

Key points generated by AI, verified by newsroom

  • एलन मस्क ने इसे श्वेतों के खिलाफ नस्लवाद कहा।

ब्रिटिश मूल के एक सिख विक्रम दिगवा ने पिछले साल दिसंबर महीने में ब्रिटेन के विश्वविद्यालय के एक 18 वर्षीय छात्र हेनरी नोवाक की चाकू मारकर हत्या कर दी थी. जिसके बाद पूरी न्यायिक प्रक्रिया के बाद उसे हत्या को दोषी ठहराया गया और उसे आजीवन कारावास की सजा सुनाई जा चुकी है, लेकिन यह मामला दोषी के सजा के साथ खत्म नहीं हुआ. यह मामला अब एक राजनीतिक विवाद के रूप में सामने आया है, जिसकी वजह से ब्रिटेन से लेकर अमेरिका तक बवाल मचा हुआ है.

दरअसल, ब्रिटिश यूनिवर्सिटी के 18 वर्षीय छात्र की हत्या ने एक पूरी तरह से विकसित ट्रांसअटलांटिक राजनीतिक विवाद को जन्म दे दिया है, क्योंकि अमेरिका के उपराष्ट्रपति जेडी वैंस और X प्लेटफॉर्म के मालिक एलन मस्क ने इस मामले को ब्रिटेन में इमिग्रेशन पॉलिसी, मल्टीकल्चरलिज्म और आधुनिक पुलिस व्यवस्था की विफलता करार दिया है.

मामले में जेडी वैंस ने दी प्रतिक्रिया

अमेरिका के उपराष्ट्रपति जेडी वैंस ने इस मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि हेनरी नोवाक की हत्या उसी तरह से हुई जैसे एक सभ्यता का अंत होता है और तर्क दिया कि छात्र की मौत सेल्फ-हेटरेड की राजनीति और प्रवासियों के बड़े पैमाने पर हमलों के नतीजों को दिखाती हैं. जेडी वैंस ने मामले को लेकर आगे कहा कि अगर यूरोपीय नेताओं ने इमिग्रेशन और संप्रभुता पर मजबूती के साथ संकल्प दिखाया होता, तो नोवाक आज भी जिंदा होता. 

ब्रिटिश छात्र की हत्या पर मस्क ने लगाए आरोप

वहीं, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स के मालिक एलन मस्क ने इस मामले को हाइलाइट करते हुए इसे श्वेत लोगों के खिलाफ नस्लवाद करार दिया है. मस्क ने सोशल मीडिया यूजर्स से एक वीडियो पोस्ट के जरिए अनुरोध करते हुए सवाल उठाया कि इस मामले में जितना ध्यान दिया जाना चाहिए था, उतना नहीं दिया गया. इसके अलावा, मस्क ने ब्रिटिश अधिकारियों पर एक घायल युवा के हाल के बजाए नस्लवाद के आरोपों को प्राथमिकता देने का आरोप लगाया. 

यह भी पढे़ंः ‘बेरूत के कंधे पर रखकर बंदूक न चलाएं…’, US से वार्ता को लेकर लेबनान ने ईरान को सुनाई खरी-खोटी

]
Source link

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment