
एसएसपी श्लोक कुमार का कहना कि ब्लड टेस्ट के बाद सच्चाई का पता लगेगा और जांच रिपोर्ट के आधार पर साक्ष्य जुटाए जाएंगे, ताकि बाबा को कठोर सजा दिलाई जा सके।आईआईटियन बाबा के काले कारनामे सामने आने के बाद अब उसके आर्थिक साम्राज्य और विदेशी संपर्कों पर संदेह गहराने लगा है।
स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों ने बाबा के भेष में छिपे इस नेटवर्क के खिलाफ प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की है। पूर्व मकान मालिक ने बताया जब बाबा उनके मकान में रहता था तब रोजाना नए-नए युवक और युवतियों का आना-जाना लगा रहता था। बाबा की गतिविधियां और आचरण सही नहीं लगा तो उन्होंने दबाव बनाकर अपना घर खाली करा लिया था।
बांग्लादेशी नागरिकों के छिपे होने की आशंका
राधाकुंड के सभासद दिनेश शर्मा का दावा है कि धर्मनगरी के विभिन्न क्षेत्रों और राधारानी परिक्रमा मार्ग में दर्जनों बांग्लादेशी नागरिक बाबा और भिक्षुओं के रूप में रह रहे हैं। पूर्व में भी यहां से बांग्लादेशी नागरिक पकड़े जा चुके हैं। दावा है कि सैकड़ों की संख्या में भिक्षाटन करने वाले लोग हर समय परिक्रमा मार्ग में मौजूद हैं। आस्था की आड़ में इन लोगों के बीच संदिग्ध और देशविरोधी तत्व भी छुपे हो सकते हैं, जो स्थानीय सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा हैं। उन्होंने परिक्रमा मार्ग में रहने वाले सभी बाहरी और संदिग्ध बाबाओं का सत्यापन कराने की मांग की है।
गिरफ्तारी के बाद घर में बंद रह गया बाबा का पालतू कुत्ता
आईआईटियन बाबा की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने उसके मकान के मुख्य गेट पर ताला लटका दिया, लेकिन पालतू कुत्ता घर के अंदर ही बंद रह गया। करीब 24 घंटे तक भूखा-प्यासा कुत्ता घर में कैद रहा। रातभर वह घर के अंदर ही चिल्लाता रहा। बंद मकान में कुत्ते के चिल्लाने की आवाज पड़ोसियों ने सुनी तो वह परेशान होने लगे। उनकी शिकायत के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और ताला खोलकर उसे बाहर निकाला।




