लोकप्रिय विषय मौसम क्रिकेट ऑपरेशन सिंदूर क्रिकेट स्पोर्ट्स बॉलीवुड जॉब - एजुकेशन बिजनेस लाइफस्टाइल देश विदेश राशिफल आध्यात्मिक अन्य
---Advertisement---

हार्ट हेल्थ:कहीं आपके दिल में भी तो नहीं हो गई है सूजन? जानिए कैसे करें पहचान और ये कितना खतरनाक – Myocarditis Heart Inflammation Symptoms, Causes And Risks In Hindi

[wplt_featured_caption]

---Advertisement---

दिल की बीमारियों का खतरा सभी उम्र के लोगों में देखा जा रहा है। हाल के वर्षों में आपने भी 30 से कम उम्र के लोगों में हार्ट अटैक और इससे मौत की खबरें जरूर पढ़ी-सुनी होंगी। स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, इन जोखिमों को देखते हुए सभी लोगों को अपनी दिल की सेहत को लेकर अलर्ट रहने की जरूरत है। हार्ट से जुड़े किसी भी संकेत को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।

दिल की बीमारी का नाम सुनते ही ज्यादातर लोगों के दिमाग में हार्ट अटैक, ब्लॉकेज या हाई ब्लड प्रेशर आता है। पर क्या आप जानते हैं कि दिल में होने वाली सूजन भी एक गंभीर समस्या है, जिसके मामले तेजी से बढ़ते जा रहे हैं। इसे नजरअंदाज करना जानलेवा जोखिमों को बढ़ाने वाला हो सकता है।

दिल में सूजन की समस्या को मेडिकल की भाषा में मायोकार्डिटिस कहा जाता है। वैसे तो इसके पीछे कई कारण हो सकते हैं, हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि वायरल संक्रमण, शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली की गड़बड़ी और कुछ दूसरी स्थितियां भी सूजन को बढ़ाने वाली हो सकती हैं। आ

इए जान लेते हैं कि कैसे पता किया जा सकता है कि कहीं आपके दिल में भी तो सूजन नहीं हो गई है?




Myocarditis Heart Inflammation Symptoms, Causes and Risks in hindi

हृदय रोगों का बढ़ता खतरा
– फोटो : adobe stock photos


दिल की बीमारियों का बढ़ता जोखिम

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, हार्ट से संबंधित किसी भी समस्या पर बेहद गंभीरता से ध्यान देते रहने की जरूरत होती है। चूंकि बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी दिल की बीमारियों का शिकार हो रहे हैं इसलिए कम उम्र से ही अलर्ट हो जाना चाहिए।

 

  • मायोकार्डिटिस के लक्षण वैसे तो आपको बहुत आम से लग सकते हैं, इसमें छाती में दर्द या भारीपन से लेकर सांस लेने में कठिनाई और थकान-कमजोरी बनी रहती है। पर अगर इन संकेतों पर समय रहते ध्यान न दिया जाए या फिर इसका इलाज न हो पाए तो इससे दिल के पंप करने की क्षमता पर असर पड़ सकता है, जिससे समय के साथ हार्ट फेलियर का जोखिम बढ़ जाता है।


Myocarditis Heart Inflammation Symptoms, Causes and Risks in hindi

हार्ट की समस्याएं
– फोटो : Adobe stock Images


दिल में सूजन का क्या मतलब है?

 

दिल में सूजन को आसान भाषा में समझें तो इसका मतलब है कि हृदय की मांसपेशियों के अंदर सूजन और उससे जुड़े बदलाव होने लगते हैं। कार्डियक सारकॉइडोसिस में शरीर की सूजन संबंधी बीमारी हृदय को भी प्रभावित कर सकती है। 

 

  • यह समस्या कई बार शुरुआत में बिना किसी स्पष्ट लक्षण के रहती है, इसलिए लोगों को पता ही नहीं चल पाता कि दिल की मांसपेशियों में बदलाव शुरू हो चुके हैं?
  • एम्स के अध्ययन में मरीजों की औसत उम्र 38 साल थी। इनमें 68.4 फीसदी को धड़कनों के तेज या अनियमित होने और 52.63 फीसदी को सांस फूलने की शिकायत थी। एमआरआई में 63.15 फीसदी मरीजों में मायोकार्डिटिस बीमारी से जुड़े संकेत मिले।

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, इस बीमारी की केवल लक्षणों के आधार पर पहचान कर पाना मुश्किल हो सकता है। इसलिए हृदय की विस्तृत जांच महत्वपूर्ण हो जाती है। अगर आपमें लगातार धड़कनों की अनियमितता की समस्या बनी हो, बिना स्पष्ट कारण के सांस फूलती हो तो डॉक्टर से मिलकर कारणों का पता लगाना जरूरी हो जाता है।


Myocarditis Heart Inflammation Symptoms, Causes and Risks in hindi

हार्ट की समस्याएं
– फोटो : adobe stock images


दिल में सूजन से क्या होते हैं खतरे?

दिल की मांसपेशियों में सूजन को नजरअंदाज करना नुकसानदायक हो सकता है, क्योंकि बीमारी बढ़ने पर हृदय के काम करने का तरीका प्रभावित हो सकता है। 

 

  • कार्डियक सारकॉइडोसिस जैसी बीमारी में सूजन के कारण दिल की विद्युत गतिविधि में गड़बड़ी हो सकती है। इससे धड़कनों के अनियमित या बहुत तेज होने का खतरा रहता है। कुछ मरीजों में दिल की पंपिंग की क्षमता भी कम हो सकती है।
  • गंभीर स्थितियों में दिल की सूजन हार्ट फेलियर जैसी गंभीर स्थिति का कारणबन सकती है। जिसमें हृदय शरीर की जरूरत के मुताबिक खून पंप नहीं कर पाता।


Myocarditis Heart Inflammation Symptoms, Causes and Risks in hindi

दिल की धड़कनों में होने वाली समस्याएं
– फोटो : Adobe Stock Photos


क्या इसकी पहचान हो सकती है?

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, दिल में सूजन की समस्या की पहचान के लिए समय पर जांच जरूरी है। हालांकि कुछ लक्षणों पर आपको लगातार नजर रखने की जरूरत होती है। 

 

  • आमतौर पर मरीजों को, छाती में दर्द या भारीपन, सांस लेने में कठिनाई, अत्यधिक थकान और कमजोरी के साथ दिल की धड़कन अनियमित होने की समस्या हो सकती हैं। हालांकि ये लक्षण दिल की दूसरी बीमारियों में हो सकती है।
  • इस समस्या का पता लगाने के लिए कार्डियक एमआरआई जैसे टेस्ट की सलाह दी जाती है, इससे हृदय की मांसपेशियों में होने वाले सूक्ष्म बदलावों को भी देखा जा सकता है। 

————–

नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।


Source link

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

और पढ़ें

पश्चिम बंगाल विधानसभा अध्यक्ष की तबीयत बिगड़ी:सीने में दर्द के बाद अस्पताल में भर्ती, डॉक्टर ने क्या कहा? – West Bengal Assembly Speaker Rathindra Bose Hospitalised Chest Pain

फ्लाईदुबई हमला:चाकू नहीं, कुल्हाड़ी से हुआ था कैप्टन स्मित पर वार, फिर भी बचाईं 180 जानें; जांच में नए खुलासे – Flydubai Fz1073 Attack: Uae Calls Incident Terrorist Attack, Co-pilot Attacked Captain Smit With Axe

बीएमडब्ल्यू एफ 450 आर नेकेड स्ट्रीटफाइटर से उठा पर्दा:मिला 420cc पैरेलल-ट्विन इंजन, जानें कितनी फुर्तीली है? – Bmw F 450 R Naked Streetfighter Unveiled: Features 420cc Parallel-twin Engine Check Details

बिग बॉस 20 :क्या बेघर हुईं रीति तिवारी की होगी घर वापसी? सलमान खान ने दर्शकों को दिया यह बड़ा सस्पेंस – Salman Khan Gave Clue About Rhiti Tiwari Entry In Bigg Boss 20 After Eviction

इग्नू में नौकरी का मौका:14 तकनीकी और प्रशासनिक पदों पर भर्ती, 48 साल तक के उम्मीदवार भी भर सकते हैं फॉर्म – Ignou Recruitment 2026: 14 Non-teaching Posts, Eligibility, Salary And Application Details

फ्लाईदुबई मामला:आखिर एक उड़ान में चार पायलट क्यों सवार थे, कॉकपिट में पांच सेकंड की देरी से क्या हो सकता था? – Flydubai Attack: Why Were Four Pilots On Board, And What Could Have Happened With A Five-second Delay?

Leave a Comment