लोकप्रिय विषय मौसम क्रिकेट ऑपरेशन सिंदूर क्रिकेट स्पोर्ट्स बॉलीवुड जॉब - एजुकेशन बिजनेस लाइफस्टाइल देश विदेश राशिफल आध्यात्मिक अन्य
---Advertisement---

राम मंदिर चढ़ावा चोरी:एसआईटी की फाइनल रिपोर्ट के बाद तेज होगी एफआईआर की जांच, कार्रवाई पर रहेगी नजर – Ram Mandir Offering Theft: Investigation Into Fir To Intensify Following Sit’s Final Report

[wplt_featured_caption]

---Advertisement---

राम मंदिर चढ़ावा और दान से जुड़े मामले में पहले से दर्ज एफआईआर की जांच अब एसआईटी की रिपोर्ट के निष्कर्षों के आधार पर आगे बढ़ सकती है। ऐसे में रिपोर्ट में सामने आए तथ्यों और उसके आधार पर होने वाली आगे की कार्रवाई पर नजर है।

वहीं सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) ने मामले में ट्रस्ट के बैंक खातों, लेन-देन और आय-व्यय से जुड़े रिकॉर्ड की भी पड़ताल की है। जांच अभी जारी है। एसआईटी की ओर से तैयार रिपोर्ट को सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के मुताबिक सीलबंद लिफाफे में प्रस्तुत किया जाना है।

ये भी पढ़ें – लखनऊ में लोहे की जंजीर से दरोगा को मारा, 24 पर मुकदमा, 200 भैंसें उठवाईं; मेयर बोलीं- इलाका साफ कर देंगे



ये भी पढ़ें – इसलिए विनोद तावड़े ही बनाए गए प्रभारी, संगठन और भाजपा के लिए काम का लंबा अनुभव; जानिए पूरा राजनीतिक सफर

इससे पहले राम मंदिर ट्रस्ट की मांग पर प्रदेश सरकार की ओर से गठित तीन सदस्यीय एसआईटी ने जांच के दौरान मामले से जुड़े दस्तावेजों, वित्तीय लेन-देन और संबंधित लोगों की भूमिका की पड़ताल की है। जांच के दायरे में राम मंदिर ट्रस्ट के बैंक खातों और आय-व्यय का पूरा ऑडिट रिकॉर्ड भी शामिल रहा।

जांच टीम ने वित्तीय अभिलेखों के आधार पर चढ़ावे और दान से जुड़े लेन-देन की स्थिति को भी परखा है। यही नहीं राम मंदिर ट्रस्ट में सिफारिश पर की गई नियुक्तियों की भी जांच की गई थी। एसबीआई और ट्रस्ट के बीच किए गए अनुबंध की खामियां भी प्रारंभिक रिपोर्ट में एसआईटी ने सरकार के समक्ष रखी थी। प्रारंभिक रिपोर्ट में एसआईटी ने राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय को क्लीन चिट दी थी लेकिन डॉक्टर अनिल मिश्रा की भूमिका पर सवाल उठाए थे।

हालांकि, एसआईटी की फाइनल रिपोर्ट के आधार पर किसकी भूमिका तय हुई है, किन लोगों के खिलाफ कार्रवाई की संस्तुति की गई है या किसी नई कार्रवाई की जरूरत बताई गई है, इसकी आधिकारिक जानकारी अभी सामने नहीं आई है।

विवेचना में एसआईटी रिपोर्ट बन सकती है आधार

मामले में पहले से दर्ज एफआईआर की जांच भी चल रही है। एसआईटी की रिपोर्ट में सामने आने वाले तथ्यों और निष्कर्षों को विवेचना में शामिल किया जा सकता है। जरूरत पड़ने पर संबंधित लोगों से दोबारा पूछताछ, दस्तावेजों का सत्यापन और अन्य साक्ष्यों की पड़ताल भी की जा सकती है।

Source link

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

और पढ़ें

राशिफल 04 अक्तूबर:मेष, कर्क और मकर राशि वालों की होगी बल्ले-बल्ले, धन-करियर में मिलेंगे शुभ संकेत – Today Horoscope 4 October 2026, Horoscope Today, Daily Horoscope, Aaj Ka Rashifal, 4 October 2026 Horoscope, T

आज का शब्द:विकीर्ण और रवीन्द्रनाथ टैगोर की कविता- दुःख की अँधियरिया रात – Aaj Ka Shabd Vikeerna Ravindranath Taogore Ki Kavita Dukh Ki Andhiyariya Rat

कांग्रेस:एमपीएससी आंदोलन अब ‘सत्याग्रह’, राहुल गांधी ने डिजिटल प्लेटफॉर्म पर दर्ज कराया आंदोलन; क्या है मांग? – Mpsc Movement Now A ‘satyagraha’, Says Rahul Gandhi After Launch Of Portal

यूपी:क्या प्रदेश के स्कूलों में हो सकता है पितृ विसर्जन का अवकाश?, कैलेंडर में इन नियमों के तहत है छुट्टी – Up: Can Schools In The State Have A Holiday For Pitru Visarjan? The Holiday Is Listed In The Calendar Under Th

‘गणेश विसर्जन खत्म, अब ज्ञानेश कुमार का विसर्जन बाकी’:प्रकाश राज ने एसआईआर पर उठाए सवाल; भाजपा ने क्या कहा? – Ganesh ‘visarjan’ Over, Gyanesh Kumar ‘visarjan’ Remains: Prakash Raj

सीबीआई:एलआईसी निवेश फ्रॉड केस में रिलायंस कम्युनिकेशंस के खिलाफ चार्जशीट, जानें क्या है पूरा मामला – Cbi Chargesheets Rcom, Ex Chief Investment Officer Of Lic In Rs 3,750-cr Cheating Case

Leave a Comment