पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस के बैंक खातों को लेकर कानूनी लड़ाई तेज हो गई है। ईडी की ओर से फ्रीज किए गए तीन बैंक खातों के खिलाफ पार्टी के एक गुट ने कलकत्ता हाईकोर्ट में नई याचिका दायर की है। इन तीन खातों में करीब 440 करोड़ रुपये जमा बताए जा रहे हैं। याचिका पर अब 13 जुलाई को सुनवाई होगी।
यह मामला राज्य पुलिस और ईडी की अलग-अलग जांच से जुड़ा है। सबसे पहले राज्य पुलिस के निर्देश पर निजी बैंक में मौजूद इन खातों से पैसे निकालने पर रोक लगाई गई थी। इसके बाद ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग जांच के तहत इन खातों को पूरी तरह फ्रीज कर दिया। इसके बाद मामला फिर हाईकोर्ट पहुंच गया।
पहले मिली थी सीमित राहत
इससे पहले ममता बनर्जी राज्य पुलिस की कार्रवाई के खिलाफ हाईकोर्ट पहुंची थी। इसके बाद कलकत्ता हाईकोर्ट के जस्टिस सौगत भट्टाचार्य की एकल पीठ ने याचिकाकर्ता गुट को इन खातों के इस्तेमाल की सीमित और सशर्त अनुमति दी थी। लेकिन अदालत के इस आदेश के कुछ ही समय बाद ईडी ने तीनों खातों को फ्रीज कर दिया। इससे मामला फिर उलझ गया।
ईडी की कार्रवाई के बाद संबंधित गुट ने जस्टिस कृष्ण राव की एकल पीठ में नई याचिका दायर की। अदालत ने याचिका स्वीकार कर ली है। अब इस मामले की अगली सुनवाई 13 जुलाई को होगी। माना जा रहा है कि सुनवाई में यह साफ हो सकता है कि खातों पर लगी रोक जारी रहेगी या कुछ राहत मिलेगी।
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मामले से जुड़ी बड़ी बातें
- कलकत्ता हाईकोर्ट ने पहले ममता गुट को इन तीन खातों के इस्तेमाल की सशर्त और सीमित अनुमति दे दी थी।
- इसके बाद मनी लॉन्ड्रिंग के कोण से समानांतर जांच कर रही ईडी ने इन तीनों खातों को पूरी तरह फ्रीज कर दिया।
- इन उलझनों से राहत पाने के लिए ममता गुट ने तुरंत हाई कोर्ट के जस्टिस कृष्ण राव की एकल-पीठ का रुख किया।
- हाईकोर्ट ने याचिका को स्वीकार कर लिया है। अब इस बेहद संवेदनशील और बड़े मामले पर अगली सुनवाई 13 जुलाई को होगी।
12 और खातों पर भी लगी रोक
इस बीच तृणमूल कांग्रेस की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। शुक्रवार को पश्चिम बंगाल पुलिस के निर्देश पर विभिन्न सरकारी और निजी बैंकों में मौजूद पार्टी के 12 अन्य बैंक खातों से भी पैसे निकालने पर रोक लगा दी गई। सूत्रों के मुताबिक, इन 12 खातों में 550 करोड़ रुपये से ज्यादा की राशि जमा है। पहले से फ्रीज तीन खातों को जोड़ दें तो अब कुल 15 बैंक खाते जांच के दायरे में आ चुके हैं। इनमें जमा राशि करीब 1,000 करोड़ रुपये बताई जा रही है।
अब सभी की नजर 13 जुलाई को होने वाली सुनवाई पर है। अदालत के फैसले से यह तय होगा कि तीन बैंक खातों पर लगी ईडी की रोक बरकरार रहेगी या याचिकाकर्ता गुट को कोई राहत मिलेगी।


