भारत ने पाकिस्तान पर बहुत बड़ा हमला बोला है। पाकिस्तानी रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने भारत को युद्ध की धमकी दी थी। भारत ने इस धमकी का मुंहतोड़ जवाब दिया है। भारत ने कहा कि पाकिस्तान की हालत बहुत खराब है। वह अपनी घरेलू नाकामियों को छिपाना चाहता है। वहां मानवाधिकारों का खुलेआम उल्लंघन हो रहा है। पाकिस्तान बस दुनिया का ध्यान भटकाने के लिए ऐसी गीदड़ भभकी दे रहा है।

पीओके में जनता पर भारी जुल्म: जायसवाल
भारत ने पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर का मुद्दा भी उठाया है। पीओके में इस समय सरकार के खिलाफ बड़े प्रदर्शन हो रहे हैं। पाकिस्तानी सरकार इन प्रदर्शनों को बेरहमी से कुचल रही है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने इस पर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के दावे पूरी तरह झूठे हैं। भारत इन दावों को पूरी तरह खारिज करता है। पीओके की खराब हालत के लिए खुद पाकिस्तान जिम्मेदार है। उसने दशकों तक इस इलाके का आर्थिक शोषण किया है। वहां के लोगों को बुनियादी अधिकार भी नहीं दिए गए हैं।
यह भी पढ़ें: MEA: ’10 भारतीय जहाज अब भी फारस की खाड़ी में’, विदेश मंत्रालय ने सिंधु जल संधि पर पाकिस्तान को भी लताड़ा
इंटरनेट बंद और दवाओं की किल्लत
पाकिस्तानी पुलिस वहां के मासूम नागरिकों पर जुल्म ढा रही है। पीओके में जरूरी सामान और दवाओं की सप्लाई रोक दी गई है। पूरे इलाके में इंटरनेट बंद कर दिया गया है। निहत्थे नागरिकों पर गोलियां चलाई जा रही हैं। इस हिंसा में कई लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। भारत ने दुनिया के बड़े देशों से इस मामले में दखल देने को कहा है। भारत चाहता है कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय पाकिस्तान के इन काले कारनामों पर सख्त एक्शन ले।
सिंधु जल संधि पर विवाद क्यों?
यह पूरा विवाद पानी को लेकर शुरू हुआ है। पाकिस्तानी रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा था कि पानी उनकी राष्ट्रीय सुरक्षा का हिस्सा है। उन्होंने धमकी दी थी कि अगर पानी रुका तो वे भारत से जंग लड़ेंगे। दरअसल, पिछले साल जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में एक बड़ा आतंकी हमला हुआ था। इस सीमा पार आतंकी हमले के बाद भारत ने सिंधु जल संधि को स्थगित कर दिया था। भारत ने साफ कह दिया है कि जब तक पाकिस्तान आतंकवाद का ढांचा खत्म नहीं करता, तब तक पानी पर कोई बातचीत नहीं होगी।

