बिहार निगरानी अन्वेषण ब्यूरो (विजिलेंस) ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए नवादा सदर प्रखंड के भगवानपुर पंचायत में पदस्थापित राजस्व कर्मचारी सुजीत कुमार को 15 हजार रुपये रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई शुक्रवार को नवादा सदर अस्पताल के समीप की गई, जहां निगरानी टीम ने पूर्व नियोजित ट्रैप के तहत आरोपी को पकड़ा।

परिमार्जन के लिए मांगी गई थी रिश्वत
निगरानी विभाग के अनुसार, घगौली गांव निवासी शंकर पासवान ने शिकायत दर्ज कराई थी कि भूमि संबंधी परिमार्जन (ऑनलाइन सुधार) के कार्य के लिए उनसे 15 हजार रुपये की मांग की जा रही है। शिकायत मिलने के बाद विभाग ने आरोपों की जांच कराई। प्रारंभिक सत्यापन में शिकायत सही पाए जाने पर मामला दर्ज किया गया और आरोपी को रंगे हाथ पकड़ने के लिए विशेष टीम का गठन किया गया।
ट्रैप बिछाकर रंगे हाथ दबोचा
योजना के तहत शुक्रवार को परिवादी और आरोपी के बीच मुलाकात कराई गई। जैसे ही परिवादी ने तय राशि राजस्व कर्मचारी को सौंपी, पहले से मौजूद निगरानी अधिकारियों ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उसे हिरासत में ले लिया। विभाग का दावा है कि आरोपी को रिश्वत की रकम स्वीकार करते हुए पकड़ा गया है।
आरोपी ने खुद को बताया निर्दोष
हालांकि गिरफ्तारी के बाद सुजीत कुमार ने अपने ऊपर लगे आरोपों को निराधार बताया। उनका कहना है कि उन्हें जानबूझकर फंसाया गया है और जबरन उनके हाथ में रुपये थमा दिए गए। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, कॉल डिटेल रिकॉर्ड की समीक्षा करने तथा अस्पताल परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच की मांग की है।
ये भी पढ़ें: सड़क पार कर रही वृद्धा को तेज रफ्तार बोलेरो ने रौंदा, अस्पताल पहुंचने से पहले थम गई सांसें
पटना ले जाया जाएगा आरोपी
विजिलेंस डीएसपी नरेंद्र कुमार ने बताया कि शिकायत और सत्यापन रिपोर्ट के आधार पर कानूनी कार्रवाई की गई है। आरोपी को गिरफ्तार कर आगे की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। प्रारंभिक कार्रवाई के बाद उसे पटना ले जाया जाएगा। इस कार्रवाई के बाद जिले के राजस्व विभाग में चर्चा का माहौल है और मामले को लेकर लोगों की नजर आगे की जांच पर टिकी हुई है।

