- ईरान-अमेरिका के बीच बातचीत पाकिस्तान में संभावित।
ईरान ने एक बार फिर से स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर प्रतिबंध लगा दिए हैं और इस महत्वपूर्ण समुद्री रास्ते को दोबारा खोलने के अपने पहले के फैसले को पलट दिया है. इसके साथ ही ईरान ने अमेरिका पर सीजफायर का उल्लंघन करने का भी आरोप लगाया है. तेहरान ने धमकी दी है कि जब तक अमेरिका ईरानी बंदरगाहों की नाकेबंदी जारी रखेगा, तक तक वह इस समुद्री रास्ते से अंतरराष्ट्रीय जहाजों की आवाजाही को बाधित करता रहेगा.
दरअसल, यह घटनाक्रम शनिवार (18 अप्रैल, 2026) पश्चिम एशिया में तनाव कम करने के लिए नए कूटनीतिक प्रयासों के बीच सामने आया है, जब ईरान ने अमेरिका की तरफ से की गई एक टिप्पणी पर अपना रुख बदल लिया. अमेरिका ने कहा कि वह ईरान से जुड़े जहाजों की नाकेबंदी खत्म नहीं करेगा, इस पर ईरान के ज्वाइंट मिलिट्री कमांड ने कहा कि होर्मुज स्ट्रेट पर नियंत्रण फिर से अपनी पुरानी स्थिति में लौट गया है और अब यह सशस्त्र बलों के कड़े प्रबंधन और कंट्रोल में है.
ईरानी सैन्य कमांड ने अमेरिका को धमकी दी कि जब तक अमेरिका ईरानी बंदरगाहों की नाकेबंदी जारी रखेगा, तब तक वह इस समुद्री रास्ते से जहाजों की आवाजाही को बाधित करता रहेगा.
20 अप्रैल को फिर से दोनों पक्षों के बीच हो सकती है बातचीत
सीएनएन ने ईरानी अधिकारियों के हवाले से रिपोर्ट किया, ईरान और अमेरिका के वार्ताकारों के बीच पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में सोमवार (20 अप्रैल, 2026) को बातचीत के एक नए दौर की शुरुआत होने की संभावना है. दोनों पक्षों के प्रतिनिधिमंडल रविवार (19 अप्रैल, 2026) को पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद पहुंच सकते हैं.
अमेरिकी नाकेबंदी पूरी ताकत से जारी रहेगीः ट्रंप
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि भले ही ईरान ने शुक्रवार (17 अप्रैल, 2026) को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को फिर से खोलने का ऐलान कर दिया था, लेकिन अमेरिका की नाकेबंदी पूरी ताकत के साथ लगातार जारी रहेगी और ये नाकेबंदी तब तक जारी रहेगी, जब तक तेहरान वाशिंगटन के साथ किसी समझौता पर नहीं पहुंच जाता है, जिसमें उसका परमाणु कार्यक्रम भी शामिल है.
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