तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) प्रमुख व पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की 28 वर्षीय भतीजी बृष्टि मुखर्जी मंगलवार को पश्चिम बंगाल के बीरभूम जिले में अपने आवास पर फंदे से लटकी मिलीं। पुलिस के मुताबिक, उनका शव रामपुरहाट इलाके के कुसुम्बा गांव स्थित घर की दूसरी मंजिल के एक कमरे से मंगलवार दोपहर बरामद किया गया।
पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया शव
पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। उन्होंने कहा कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है और मौत के पीछे की परिस्थितियों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट तथा अन्य कानूनी और प्रक्रियात्मक जांच पूरी होने के बाद ही चल सकेगा।
कई वर्षों से अवसाद का चल रहा था इलाज
परिवार के सदस्यों के अनुसार, बृष्टि मुखर्जी पिछले कुछ वर्षों से अवसाद से जूझ रही थीं और उनका इलाज भी चल रहा था। परिवार ने बताया कि वह इस दौरान चिकित्सकीय उपचार ले रही थीं।
सरकारी स्कूलों में भर्ती रद्द होने के बाद गई थी नौकरी
परिजनों के मुताबिक, कथित भ्रष्टाचार के मामले में सरकारी सहायता प्राप्त स्कूलों में हुई भर्तियों को सुप्रीम कोर्ट द्वारा रद्द किए जाने के आदेश के बाद बृष्टि मुखर्जी की नौकरी चली गई थी। परिवार के अनुसार, नौकरी जाने के बाद से वह मानसिक रूप से परेशान थीं।
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मौत की वजह जानने में जुटी पुलिस
पुलिस का कहना है कि फिलहाल मामले की जांच जारी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य प्रक्रियात्मक जांच के आधार पर ही मौत के वास्तविक कारण और उससे जुड़ी परिस्थितियों की पुष्टि हो सकेगी।

