छात्रों के समर्थन में हुए प्रदर्शन के बाद कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने पुलिस कार्रवाई को लेकर बड़ा दावा किया है। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन के दौरान पुलिसकर्मी उन्हें खींचकर ले जा रहे थे, लेकिन उसी समय कुछ पुलिसकर्मी उनके कान में सरकार के खिलाफ बातें भी कह रहे थे। राहुल गांधी ने दावा किया कि एक पुलिसकर्मी ने खुद को राजस्थान का बताते हुए कहा, “सरकार को हटाइए।” वहीं दूसरे पुलिसकर्मी ने खुद को हरियाणा का बताते हुए कहा, “हम तो सिर्फ वर्दी पहन रहे हैं।” उन्होंने आगे कहा कि हर कोई सच जानता है। उनको मजबूरी में आदेश मानना पड़ता है। कई पुलिसवाले जानते कि जो हमारे देश के भविष्य हैं, उनके साथ गलत हो रहा है।
अपने साथ हुई पुलिसिया कार्रवाई पर राहुल गांधी ने कहा कि मैं इन सब का आदी हूं। मेरा काम देश के लोगों की इच्छा को सामने रखने का है। विपक्ष के नेता के तौर पर। यह बहुत ही छोटी कीमत है, यह बड़ी बात नहीं है। मैंने यह ऐसा यह मेरे लिए गर्व की बात है। धरने के दौरान दो पंच लगे वह बड़ी बात नहीं है।
छात्रों के प्रदर्शन पर क्या बोले राहुल गांंधी?
राहुल गांधी ने कहा कि छात्रों के साथ जो हो रहा है, वह गंभीर चिंता का विषय है। उन्होंने सवाल किया कि आखिर छात्रों ने ऐसा क्या गलत किया है कि उनके सामने सुरक्षा बल तैनात किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि छात्र शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगें उठा रहे हैं और सिर्फ एक निष्पक्ष शिक्षा व्यवस्था चाहते हैं। राहुल गांधी ने कहा कि कई छात्र लगातार मानसिक दबाव झेल रहे हैं और पेपर लीक जैसी घटनाओं के कारण कुछ छात्रों ने आत्महत्या तक कर ली है। उनके अनुसार छात्रों की आवाज सुनने के बजाय उन्हें परेशान किया जा रहा है।
पेपर लीक और शिक्षा व्यवस्था पर राहुल गांधी ने क्या कहा?
राहुल गांधी ने दावा किया कि पिछले 10 वर्षों में 152 पेपर लीक हुए हैं, यानी औसतन हर महीने एक परीक्षा प्रभावित हुई। उन्होंने कहा कि हर बार लाखों छात्रों को दोबारा तैयारी करनी पड़ती है और 7.5 करोड़ छात्र व उनके परिवार इससे प्रभावित हुए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि इन मामलों में अब तक एक भी दोषसिद्धि नहीं हुई। राहुल गांधी ने कहा कि देश की शिक्षा व्यवस्था, जिसे कभी दुनिया की सबसे अच्छी व्यवस्थाओं में माना जाता था, आज प्रभावित हो चुकी है और सरकार इस पर प्रभावी कार्रवाई करने में विफल रही है।
राहुल गांधी ने सरकार से क्या मांग की?
राहुल गांधी ने कहा कि छात्रों की मांगें पूरी तरह जायज हैं और कांग्रेस उनके साथ खड़ी है। उन्होंने शिक्षा व्यवस्था में सुधार, पेपर लीक के मामलों में जवाबदेही तय करने और छात्रों की समस्याओं का समाधान करने की मांग की। उन्होंने कहा कि छात्रों की आवाज को दबाने के बजाय सरकार को उनकी बात सुननी चाहिए और शिक्षा व्यवस्था में भरोसा बहाल करने के लिए ठोस कदम उठाने चाहिए।

