तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए रेवंत रेड्डी ने मंगलवार को एक बड़ी घोषणा की। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने नर्सरी से लेकर 12वीं कक्षा तक के छात्रों के लिए मुफ्त नाश्ता और दोपहर के भोजन की योजना शुरू की है। मुख्यमंत्री ने यह बात बालामृतम योजना के एक नए प्लांट का उद्घाटन करने के बाद कही। उन्होंने कहा कि यह कदम विकसित और स्वस्थ तेलंगाना बनाने की दिशा में एक बड़ा प्रयास है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि गरीब बच्चों के माता-पिता को सुबह जल्दी काम पर जाना पड़ता है। इस वजह से माताओं के पास सुबह बच्चों के लिए नाश्ता बनाने का पर्याप्त समय नहीं बचता। इसी समस्या को दूर करने के लिए यह योजना शुरू की गई है।
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार शिक्षा पर सालाना लगभग 27,000 रुपये खर्च करती है। सरकार सरकारी स्कूलों में बुनियादी ढांचे और पढ़ाई के स्तर को निजी कॉर्पोरेट स्कूलों के बराबर बेहतर बनाने के लिए सभी जरूरी कदम उठा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य छात्रों को अच्छी शिक्षा देना है। सरकार शिक्षा पर होने वाले खर्च को एक निवेश मानती है। यह योजनाएं वोट बैंक के लिए नहीं, बल्कि छात्रों के बेहतर भविष्य के लिए शुरू की जा रही हैं।
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महिला सशक्तिकरण पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि सरकार स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) की महिलाओं को आगे बढ़ाना चाहती है। सरकार का लक्ष्य साल 2034 तक एक करोड़ महिलाओं को करोड़पति बनाना है। बता दें कि बालामृतम तेलंगाना सरकार की एक विशेष योजना है। यह एकीकृत बाल विकास सेवा (आईसीडीएस) के तहत काम करती है। इसके तहत बच्चों को मुफ्त में पोषक तत्वों से भरपूर आहार दिया जाता है।
