लोकप्रिय विषय मौसम क्रिकेट ऑपरेशन सिंदूर क्रिकेट स्पोर्ट्स बॉलीवुड जॉब - एजुकेशन बिजनेस लाइफस्टाइल देश विदेश राशिफल आध्यात्मिक अन्य
---Advertisement---

Gold-Silver Rate: सोने-चांदी में आज बड़ी गिरावट, हजारों रुपये कम हुए भाव; खरीदारी से पहले चेक करें रेट

[wplt_featured_caption]

---Advertisement---

Show Quick Read

Key points generated by AI, verified by newsroom

  • आज गुरुवार, 25 जून को सोने-चांदी की कीमतों में भारी गिरावट आई.
  • सोना ₹1900 तक गिरा, चांदी ₹2.27 लाख/किलो पर कारोबार कर रही है.
  • अमेरिका-ईरान समझौते से वैश्विक तनाव कम हुआ, सोने की सुरक्षित मांग घटी.
  • अमेरिकी फेडरल रिजर्व के दर वृद्धि संकेत, डॉलर मजबूती से मांग घटी.

Gold-Silver Price Today on June 25: आज गुरुवार, 25 जून को भारतीय सर्राफा बाजार और मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोने और चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट देखी जा रही है. भारी बिकवाली के चलते दोनों अपने रिकॉर्ड स्तर से क्रैश हो गए हैं. एक तरफ सोना की कीमत में करीब 1450-1900 रुपये तक की गिरावट आई है. वहीं, चांदी भी आज 2,22,300-2,27,000 रुपये प्रति किलो के स्तर पर कारोबार कर रही है. 

कैरेट के हिसाब से कितनी है 10 ग्राम की कीमत?

  • आज 24 कैरेट सोने की कीमत 1,43,010 से 1,44,330 रुपये के बीच है.
  • 22 कैरेट गोल्ड की कीमत आज 1,30,997 से 1,32,440 रुपये के दायरे में है.
  • 18 कैरेट सोने की कीमत 1,07,260 रुपये से 1,08,390 रुपये के बीच बनी हुई है.  

चांदी की कितनी है कीमत?

आज चांदी की कीमतों में भी गिरावट का दौर जारी है. प्रति 10 ग्राम चांदी की कीमत आज 2450 से 2550 के बीच है. वहीं, 100 ग्राम चांदी की कीमत 24500 से 25500 के दायरे में है. इस हिसाब से 1 किलो चांदी की कीमत आज 2,45,000 से 2,55,000 रुपये है. 

क्यों अचानक से गिरीं सोने-चांदी की कीमतें?

बीते 18 जून को अमेरिका और ईरान के बीच हुए एक अस्थायी समझौते से वैश्विक तनाव को काफी हद तक काबू में करने में मदद मिली है. होर्मुज (Strait of Hormuz) के रास्ते एनर्जी सप्लाई फिर से शुरू होने के चलते सुरक्षित निवेश के रूप में सोने की मांग कम हुई है.

इस बीच, अमेरिकी फेड रिजर्व (US Fed) ने भी महंगाई को काबू में रखने के लिए साल के अंत तक ब्याज दरों में 25 बेसिस पाॅइंट की बढ़ोतरी के संकेत दिए हैं. ब्याज दरें बढ़ती हैं, जो लोग सोने-चांदी से अपना निवेश निकालकर सरकारी बॉन्ड्स में लगाते हैं. कीमतें कम होने की एक और वजह अमेरिकी डॉलर इंडेक्स का तेजी से चढ़ना भी है, जो मई 2025 के बाद अपने हाई लेवल पर पहुंच गई है. चूंकि अंतर्राष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमतें डॉलर में तय होती हैं इसलिए डॉलर मजबूत होने पर दुनिया भर के खरीदारों के लिए सोना महंगा हो जाता है, इससे मांग घटने लगती है. 

ये भी पढ़ें:

सिद्धांतों पर आधारित निवेश का नया दौर, जानिए कैसे एक-दूसरे से बिल्कुल अलग हैं सात्विक, शरिया और ईएसजी इंडेक्स 

Source link

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment