राम मंदिर में चढ़ावे और दानराशि प्रबंधन को लेकर सामने आए विवाद के बाद राम मंदिर ट्रस्ट की ओर से दान की गिनती और सुरक्षा व्यवस्था में व्यापक बदलाव लागू कर दिए गए हैं। पहले सीसीटीवी फुटेज 45 दिन बाद स्वतः डिलीट हो जाती थी, लेकिन अब इसे कम से कम 180 दिन तक सुरक्षित रखने की व्यवस्था लागू की गई है। राम मंदिर में चढ़ावा चोरी की घटना की जांच कर रही एसआईटी को पर्याप्त सीसीटीवी फुटेज न मिलने से परेशानी हो रही है।
जांच में सिर्फ 45 दिनों की फुटेज मिली है। इनमें से बीच-बीच में फुटेज डिलीट की गई है। माना जा रहा है कि बैकअप की नई व्यवस्था लागू होने से भविष्य में किसी भी जांच के दौरान पर्याप्त डिजिटल साक्ष्य उपलब्ध रह सकेंगे। राम मंदिर में अब चढ़ावे की गिनती से लेकर बैंक में जमा होने तक पूरी प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए कई नए प्रोटोकॉल लागू किए गए हैं। सबसे महत्वपूर्ण बदलाव सीसीटीवी निगरानी और डिजिटल रिकॉर्ड प्रबंधन में किया गया है।