लोकप्रिय विषय मौसम क्रिकेट ऑपरेशन सिंदूर क्रिकेट स्पोर्ट्स बॉलीवुड जॉब - एजुकेशन बिजनेस लाइफस्टाइल देश विदेश राशिफल आध्यात्मिक अन्य
---Advertisement---

Climate Change:हिमालय की हवा में भी जहर, मुनस्यारी में मिले कैंसर से जुड़े रसायन; हवा में बेंजीन चिंताजनक – Air In The Himalayas Also Toxic; Cancer-linked Chemicals Found In Munsiyari

[wplt_featured_caption]

---Advertisement---

हिमालय को लंबे समय से स्वच्छ और जीवनदायी हवा का पर्याय माना जाता रहा है, लेकिन अब यह धारणा चुनौती के दौर से गुजर रही है। उत्तराखंड के सीमांत पर्वतीय क्षेत्र मुनस्यारी में किए गए एक नए वैज्ञानिक अध्ययन से पता चला है कि मानव गतिविधियों से पैदा होने वाला प्रदूषण अब उन ऊंचाई वाले इलाकों तक भी पहुंच रहा है जिन्हें अब तक अपेक्षाकृत प्रदूषण-मुक्त माना जाता था।

अध्ययन में हवा में बेंजीन सहित कई हानिकारक रसायनों की मौजूदगी दर्ज की गई है, जो लंबे समय में स्वास्थ्य और पर्यावरण दोनों के लिए चिंता का कारण बन सकते हैं। विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग (डीएसटी) के स्वायत्त संस्थान आर्यभट्ट रिसर्च इंस्टीट्यूट ऑफ ऑब्जर्वेशनल साइंस (एरीज) के वैज्ञानिकों द्वारा किए गए इस अध्ययन के नतीजे प्रतिष्ठित शोध पत्रिका एनवायरनमेंटल साइंस एंड पॉल्यूशन रिसर्च में प्रकाशित हुए हैं।

शोधकर्ताओं का कहना है कि फिलहाल प्रदूषण का स्तर महानगरों की तुलना में काफी कम है और तत्काल स्वास्थ्य जोखिम सीमित हैं, पर यह स्थिति भविष्य के लिए एक महत्वपूर्ण चेतावनी है। अध्ययन के तहत वर्ष 2022-23 के दौरान मुनस्यारी क्षेत्र की वायु गुणवत्ता की पूरे एक वर्ष तक निगरानी की गई। 

मौसम के साथ बदलता रहा प्रदूषण

अध्ययन में यह भी पाया गया कि मुनस्यारी में प्रदूषण का स्तर मौसम के अनुसार बदलता है। सर्दियों और मानसून के दौरान हवा अपेक्षाकृत साफ रहती है, जबकि बसंत और पतझड़ के मौसम में हानिकारक गैसों की मात्रा बढ़ जाती है। वैज्ञानिकों के अनुसार यह बदलाव मुनस्यारी जैसे क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों के विस्तार, वाहनों की बढ़ती आवाजाही, निर्माण कार्यों और ऊर्जा के लिए एलपीजी तथा डीजल के उपयोग ने वायु गुणवत्ता पर दबाव बढ़ाया है। 

ओजोन और सूक्ष्म कणों के निर्माण में योगदान

शोध में बेंजीन और जाइलीन जैसे सुगंधित हाइड्रोकार्बनों की महत्वपूर्ण उपस्थिति दर्ज की गई। वैज्ञानिकों के अनुसार ये रसायन वातावरण में रासायनिक प्रतिक्रियाओं को तेज करते हैं, जिससे सतही ओजोन और सेकेंडरी एरोसोल्स जैसे प्रदूषकों का निर्माण बढ़ता है। ओजोन और सूक्ष्म कणों का बढ़ता स्तर केवल वायु प्रदूषण का संकेत नहीं है, बल्कि स्वास्थ्य के लिए खतरा है।

हवा में बेंजीन को लेकर सबसे अधिक चिंता 

अध्ययन में सबसे अधिक चिंता बेंजीन की मौजूदगी को लेकर जताई गई है। बेंजीन को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कैंसरकारी रसायन माना जाता है। लंबे समय तक इसके संपर्क में रहने से रक्त संबंधी कैंसर और अन्य गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा बढ़ सकता है।हालांकि शोधकर्ताओं ने स्पष्ट किया है कि वर्तमान में मुनस्यारी में दर्ज स्तर दिल्ली, हल्द्वानी जैसे बड़े शहरों की तुलना में काफी कम हैं और तत्काल स्वास्थ्य संकट जैसी स्थिति नहीं है। इसके बावजूद लगातार बढ़ती मौजूदगी इस बात का संकेत है कि यदि समय रहते रोकथाम के उपाय नहीं किए गए तो भविष्य में जोखिम बढ़ सकता है।

Source link

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

और पढ़ें

आज के दिन:पीएम मोदी पश्चिम बंगाल में योग दिवस के कार्यक्रम में लेंगे भाग, नीट यूजी का री-एग्जाम – 21 June 2026 Major Events

Rashifal 21 June:इन चार राशि वालों को नौकरी-व्यापार में मिल सकती है अच्छी खबरें, पढ़ें 21 जून का राशिफल – Aaj Ka Rashifal Daily Horoscope Prediction Of 21 June 2026 Mesh Kark Singh Kanya Kumbh Makar

International Yoga Day Live:योग दिवस आज, Pm कोलकाता से करेंगे आगाज; दुनियाभर में 2,500 जगहों पर कार्यक्रम – International Yoga Day 2026 Pm Modi In Kolkata Many Worldwide Events Records Reactions News In Hindi

Neet Re-exam:नीट पुनर्परीक्षा आज, 51311 जैमर्स और डेढ़ लाख कैमरों से होगी निगरानी; ढाई लाख पुलिसकर्मी तैनात – Neet Ug Retest 2026 Tight Security Arrangements Nta Exam Centres Air Force Support Paper Leak Case

Ram Mandir:चढ़ावे में चोरी के मिले साक्ष्य, गोपाल राव-अनिल की भूमिका संदिग्ध; Sit कल सौंपेगी Cm को रिपोर्ट – Ram Mandir: Evidence Of Theft Of Offerings Found; Roles Of Gopal Rao And Anil Under Suspicion

देश में बदलेगा मौसम:पश्चिमी विक्षोभ का असर, उत्तर भारत में अगले पांच दिन होगी बारिश; कई राज्यों में अलर्ट – Weather To Change Across Country Western Disturbance Impact Rain Expected In North India Over Next Five Days

Leave a Comment