
दिल्ली कैपिटल्स के लिए IPL 2026 बहुत अच्छा नहीं गुजरा है. अक्षर पटेल एंड टीम अभी आधिकारिक तौर पर प्लेऑफ की दौड़ से बाहर नहीं हुई है लेकिन उनका पहुंचना अब किसी चमत्कार से कम नहीं होगा. दिल्ली ने 12 में से 7 मुकाबले हारे हैं. 10 अंकों के साथ टीम का नेट रन रेट माइनस (-0.093) में है और दोनों मैच जीतकर भी टीम 14 अंकों तक ही पहुंच सकती है.
दिल्ली कैपिटल्स के निराशानजक प्रदर्शन के बाद आगामी सीजन से पहले दिल्ली कोचिंग स्टाफ में बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं. न्यूज एजेंसी पीटीआई की एक रिपोर्ट के अनुसार संभावना कम है कि अक्षर पटेल 2027 में कप्तान बने रहे. बतौर कप्तान तो अक्षर ने निराश किया ही है, उनका व्यक्तिगत प्रदर्शन भी अच्छा नहीं रहा है.
32 वर्षीय अक्षर पटेल ने IPL 2026 में खेली 9 पारियों में 12.50 की एवरेज से 100 रन बनाए हैं, जबकि वह टॉप-5 में बल्लेबाजी कर रहे हैं. इसमें 56 रन तो उन्होंने एक ही पारी में बनाए थे, यानी अन्य 8 पारियों में उन्होंने कुल 44 रन बनाए. गेंदबाजी में भी अक्षर का प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा. उन्होंने 12 मैचों में 36 ओवर डाले, जिसमें सिर्फ 10 विकेट लिए. हालांकि उन्होंने रन ज्यादा नहीं लुटाए, उनका इकॉनमी 8.8 का रहा.

यह भी पढ़ें- मुंबई से हारने के बाद पंजाब किंग्स की उम्मीदों को लगा झटका, 5 पॉइंट्स में समझिए प्लेऑफ का गणित
रिपोर्ट में बताया गया कि दिल्ली कैपिटल्स के मालिकाना हक का बंटवारा 50-50 परसेंट है. JSW और GMR मैनेजमेंट की जिम्मेदारी बारी-बारी से संभालते हैं और अगले संस्करण में क्रिकेट से जुड़ी सारी कामकाज की जिम्मेदारी पार्थ जिंदल और JSW के हाथों में होगी.
अक्षर पटेल की कप्तानी भी सवालों के घेरे में रही है, क्योंकि ज्यादातर फैसले लेने के लिए उन्हें हेमंग बदानी और वेणुगोपाल राव के पास जाना पड़ा, ऐसे में बहुत कम संभावना है कि उन्हें अगले साल दिल्ली कैपिटल्स की कप्तानी मिले.
नाम न बताने की शर्त पर एक सूत्र ने पीटीआई को बताया, “शायद ही अगले साल पूरे कोचिंग स्टाफ को भी रिटेन किया जाएगा.” अक्षर की कप्तानी पर कई सवाल उठे हैं. उन्होंने अभिषेक पोरेल जैसे बल्लेबाज को नजरअंदाज किया, माधव तिवारी जैसे ऑलराउंडर का इस्तेमाल अच्छे से नहीं किया. 2027 मेगा ऑक्शन से पहले दिल्ली कैपिटल्स अक्षर पटेल को रिटेन तो कर सकती है, लेकिन शायद उन्हें कप्तानी से हटाकर नए कप्तान को तलाशेगी.
