बुधवार को आपने कहानी सीबीएफसी की के पहले भाग में सेंसर बोर्ड की शुरुआत, भारत में इसके गठन और इसके कानून में समय -समय होते संशोधन के बारे में पढ़ा।

अब इसके दूसरे और अंतिम भाग में पढ़िए ‘जन नायकन’ और ‘सतलुज’ जैसी उन फिल्मों के बारे में जो सेंसर बोर्ड के चलते अटकी रहीं। इसके अलावा भी कई ऐसी फिल्में हैं जो आज तक सर्टिफिकेट मिलने और रिलीज डेट मिलने का इंतजार कर रही हैं।

