देशभर में नौतपा की भीषण गर्मी के बीच मौसम ने अचानक बड़ा यू-टर्न ले लिया है। दिल्ली-एनसीआर, मध्य प्रदेश, बिहार, ओडिशा, राजस्थान और केरल समेत कई राज्यों में तेज आंधी, बारिश और गरज-चमक ने लोगों को गर्मी से राहत दी है। मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों तक देश के कई हिस्सों में तेज हवाएं, ओलावृष्टि और भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। वहीं कुछ राज्यों में अभी भी ऊष्ण लहर यानी हीटवेव का असर बना हुआ है। दक्षिण-पश्चिम मानसून भी तेजी से आगे बढ़ रहा है, जिससे मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है।


दिल्ली-एनसीआर में शनिवार को दोपहर बाद मौसम अचानक बदल गया। सुबह तक तेज धूप और उमस से लोग परेशान थे, लेकिन शाम होते-होते काले बादल छा गए और कई इलाकों में धूल भरी आंधी के बाद झमाझम बारिश शुरू हो गई। गुरुग्राम में हवाओं की रफ्तार 80 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच गई। नोएडा, गाजियाबाद और फरीदाबाद में भी तेज बारिश हुई। मौसम विभाग ने दिल्ली में 30 और 31 मई के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। विभाग के मुताबिक अगले चार से पांच दिन तक मौसम अपेक्षाकृत सुहावना बना रहेगा और तापमान सामान्य से नीचे रह सकता है।
किन राज्यों में भारी बारिश और आंधी का अलर्ट जारी हुआ?
मौसम विभाग के अनुसार बिहार, ओडिशा, झारखंड, पश्चिम बंगाल, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और उत्तर प्रदेश में अगले कुछ दिनों तक तेज आंधी और बारिश की संभावना है। कई इलाकों में 60 से 80 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। बिहार में कुछ जगहों पर बहुत भारी बारिश दर्ज की गई है। वहीं ओडिशा, मध्य प्रदेश, राजस्थान और उत्तराखंड में ओलावृष्टि का भी अलर्ट जारी किया गया है। राजस्थान में धूल भरी आंधी चलने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने लोगों को पेड़ों, कमजोर इमारतों और खुले स्थानों से दूर रहने की सलाह दी है।
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दक्षिण भारत और केरल में क्या हालात हैं?
केरल में मानसून से पहले भारी बारिश ने सरकार की चिंता बढ़ा दी है। तिरुवनंतपुरम समेत कई इलाकों में जलभराव और पेड़ गिरने की घटनाएं सामने आई हैं। मुख्यमंत्री वी डी सतीशन ने सभी विभागों को मानसून की तैयारियां जल्द पूरी करने के निर्देश दिए हैं। राहत शिविरों, दवाओं, बिजली और साफ-सफाई की व्यवस्थाएं मजबूत करने को कहा गया है। मौसम विभाग ने केरल के कई जिलों में ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किया है। तमिलनाडु, पुदुचेरी, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश और तेलंगाना में भी तेज बारिश, बिजली गिरने और तेज हवाओं की चेतावनी दी गई है।
मध्य भारत और राजस्थान में मौसम ने कैसे बदला मिजाज?
मध्य प्रदेश के सीहोर जिले में मौसम ने सबसे बड़ा बदलाव दिखाया। पिछले कई दिनों से 45 से 46 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचा तापमान अचानक 10 से 12 डिग्री तक गिर गया। प्री-मानसून बारिश और तेज हवाओं से लोगों को राहत मिली। विदर्भ, छत्तीसगढ़ और तेलंगाना के कुछ हिस्सों में अभी भी हीटवेव की स्थिति बनी हुई है। वहीं पश्चिमी और पूर्वी राजस्थान में अगले दो दिन धूल भरी आंधी और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया गया है। गुजरात, महाराष्ट्र और कोंकण क्षेत्र में भी बारिश और गरज-चमक की संभावना जताई गई है।
मानसून की रफ्तार को लेकर क्या अपडेट?
मौसम विभाग के मुताबिक दक्षिण-पश्चिम मानसून 30 मई को अरब सागर, बंगाल की खाड़ी और पूर्वोत्तर के कुछ और हिस्सों में आगे बढ़ गया है। अगले चार से पांच दिनों में मानसून केरल, तमिलनाडु, कर्नाटक और पूर्वोत्तर भारत के कई हिस्सों में तेजी से आगे बढ़ सकता है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि पश्चिमी विक्षोभ और स्थानीय मौसमी गतिविधियों के कारण देश के ज्यादातर हिस्सों में मौसम बदलता रहेगा। इससे उत्तर भारत को कुछ दिन गर्मी से राहत मिल सकती है।
लोगों और किसानों को क्या सावधानी बरतने की सलाह दी गई?
मौसम विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान घरों में रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी है। किसानों को खेतों में जल निकासी की व्यवस्था मजबूत रखने और ओलावृष्टि से फसलों को बचाने के उपाय करने को कहा गया है। मछुआरों को अरब सागर और बंगाल की खाड़ी के कई हिस्सों में समुद्र में नहीं जाने की चेतावनी दी गई है। पशुपालकों को भी पशुओं को सुरक्षित स्थानों पर रखने और पर्याप्त पानी उपलब्ध कराने की सलाह दी गई है। विभाग ने कहा है कि अगले कुछ दिन मौसम तेजी से बदल सकता है, इसलिए लोगों को लगातार मौसम अपडेट पर नजर रखनी चाहिए।