लोकप्रिय विषय मौसम क्रिकेट ऑपरेशन सिंदूर क्रिकेट स्पोर्ट्स बॉलीवुड जॉब - एजुकेशन बिजनेस लाइफस्टाइल देश विदेश राशिफल आध्यात्मिक अन्य
---Advertisement---

जल्द ही खुलेगा स्ट्रेट ऑफ होर्मुज! अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप का बड़ा दावा, ईरान के साथ समझौते पर क्या बोले?

[wplt_featured_caption]

---Advertisement---

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार (24 मई, 2026) को मिडिल ईस्ट में वाशिंगटन और तेहरान के बीच जारी संघर्ष और तनाव की समाप्ति को लेकर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि ईरान और अमेरिका के बीच शांति समझौते को लेकर एक समझौते पर काफी हद तक बातचीत पूरी हो चुकी है. इससे तीन महीने पुरान युद्ध के खत्म होने और एक बड़ा समझौता होने की उम्मीदें बढ़ गई हैं.

रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रंप ने कहा कि पाकिस्तान की मध्यस्थता में तैयार हो रहे इस समझौते के तहत स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को फिर से खोला जाएगा. यह दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री व्यापार के रास्तों में से एक है, जिसके बंद होने की वजह से वैश्विक ऊर्जा संकट गहरा गया है.

ईरान के साथ समझौते को लेकर बोले ट्रंप

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शनिवार (23 मई, 2026) को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर शेयर किए गए एक पोस्ट में लिखा, ‘समझौते के आखिरी पहलुओं और मुद्दों पर अभी बातचीत चल रही है और इसकी घोषणा जल्द ही की जाएगी.’

रिपोर्ट के मुताबिक, यह समझौता महीनों से जारी लड़ाई को खत्म करने, ईरानी जहाजों पर अमेरिकी नाकेबंदी हटाने और समुद्री रास्ते को फिर से खोलने का ढांचा तैयार करता है. इसके अलावा, ईरान के उच्च स्तर पर संवर्धित यूरेनियम भंडार का मुद्दा भी अगले 30 से 60 दिनों में बातचीत के जरिए तय किया जाएगा. जिस पर अमेरिका लंबे समय से मांग करता रहा है कि ईरान इस भंडार को वाशिंगटन को सौंप दे.

वैश्विक ऊर्जा संकट से राहत की उम्मीद

रॉयटर्स के मुताबिक, भारत के चार दिवसीय दौरे पर पहुंचे अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने कहा कि रविवार (24 मई, 2026) तक इस मामले में और भी बड़ी खबर आ सकती है. वहीं, एक वरिष्ठ ईरानी सूत्र ने रॉयटर्स को बताया कि अगर ईरान की सर्वोच्च नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल इस प्रस्तवा को मंजूरी देती है, तो इसे अंतिम स्वीकृति के लिए सर्वोच्च नेता अयातुल्ला मुज्तबा खामेनेई के पास भेजा जाएगा.

हालांकि, ईरानी न्यूज एजेंसी तस्नीम ने कहा कि प्रस्ताव के एक-दो नियमों पर अभी भी मतभेद बने हुए हैं. ऐसे में अगर अमेरिका मुश्किलें पैदा करता रहा तो अंतिम समझौता नहीं हो पाएगा, लेकिन अगर यह समझौता लागू होता है, तो इससे वैश्विक बाजारों को राहत मिल सकती है.

यह भी पढ़ेंः ‘अगले कुछ घंटों में आ सकती है गुड न्यूज’, ईरान अमेरिका युद्ध पर मार्को रुबियो का भारत से बड़ा ऐलान

]
Source link

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment