बिहार विधानसभा चुनाव के बाद जब तत्कालीन नीतीश कुमार सरकार के मंत्री नितिन नवीन को भारतीय जनता पार्टी का राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बनाया गया था, तब तीन बातें तय हो गई थीं। पहली तो यह कि राष्ट्रीय अध्यक्ष वही बनाए जाएंगे। दूसरी यह कि अब भाजपा बिहार से किसी बड़े नाम को संगठन में अहम जिम्मेदारी नहीं देगी। और, तीसरी यह कि पार्टी संगठन में या प्रदेश में किसी कायस्थ को आगे नहीं बढ़ाएगी। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष तो नितिन नवीन जनवरी में ही बना दिए गए। बाकी दो फैसले नितिन नवीन के खाते से आए। एक बांकीपुर उप चुनाव में भी दिखा और अब दूसरा नितिन नवीन की नई टीम की सूची में सामने आ गया है। नितिन की टीम में बिहार से तीन नाम हैं। दो नेताओं को कद के हिसाब से आगे बढ़ाया गया है, जबकि एक को छकाया गया है।

सबसे अहम जिम्मेदारी शिवेश राम को
तीन मार्च को जब नितिन नवीन को राज्यसभा भेजने के लिए भाजपा की ओर से औपचारिक सूचना जारी हुई थी तो साथ ही एक नाम था- शिवेश राम। यही शिवेश राम अब नितिन नवीन की टीम में राष्ट्रीय स्तर पर नजर आएंगे। राज्यसभा के लिए शिवेश राम पर खेला गया दांव काम आया था। विरोध की सारी आशंकाएं इसी नाम के कारण दूर हो गई थीं। जो साथ नहीं देने वाले थे, वह भी शिवेश राम के नाम पर समर्थन में आ गए थे। इसी कारण भाजपा यह सीट जीत सकी थी। राज्यसभा सांसद बनने के बाद शिवेश राम के लिए कुछ बड़ा होने की उम्मीद थी। केंद्रीय मंत्रिमंडल में दलित चेहरे के रूप में एंट्री की भी चर्चा थी, लेकिन अब संगठन में शिवेश को अहम जिम्मेदारी दी गई है। शिवेश राम को एससी मोर्चा का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया गया है। राज्यसभा सांसद बनने से पहले वह भाजपा के प्रदेश महामंत्री थे। वह अगिआंव से विधायक रह चुके थे। सासाराम सीट से लोकसभा चुनाव 2024 में हार के बावजूद उनका कद नहीं घटा था।
सिद्धार्थ शंभू को भी राष्ट्रीय मंत्री की भूमिका
भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष से नितिन नवीन ने सिद्धार्थ शंभू को राष्ट्रीय मंत्री की जिम्मेदारी दी है। वह 16 राष्ट्रीय मंत्रियों में बिहार से इकलौते हैं। राष्ट्रीय मंत्रियों में बिहार से पहले ऋतुराज सिन्हा थे। सिद्धार्थ शंभू की पार्टी में पकड़ अच्छी मानी जाती है। एक महीना पहले ही वह सेंट्रल वेयरहाउसिंग कॉरपोरेशन के बाेर्ड में नॉन-ऑफिशियल डायरेक्टर के पद से मुक्त हुए थे। अब पार्टी ने उन्हें राष्ट्रीय मंत्री की जिम्मेदारी दी है।
ऋतुराज सिन्हा प्रकोष्ठ संकुल सह-संयोजक बने
लोकसभा चुनाव 2024 में पटना से नाम चल रहा था। वह नहीं आया तो माना गया कि कहीं राज्यसभ से मौका मिलेगा। वह चर्चा भी खत्म हुई तो कहा गया कि बांकीपुर से भाजपा उतार सकती है। यह सब नहीं हुआ। अब राष्ट्रीय मंत्री की जिम्मेदारी से भी ऋतुराज सिन्हा को मुक्त कर दिया गया है। नितिन नवीन ने भाजपा के राष्ट्रीय प्रकोष्ठ सह-संयोजक के रूप में दो नेताओं को जगह दी है, जिनमें से एक रखे गए हैं ऋतुराज सिन्हा। इस पद को लेकर अब तक स्पष्टता नहीं है, इसलिए भाजपा नेताओं में से कोई इसपर बहुत जानकारी नहीं दे पा रहे हैं। राष्ट्रीय प्रकोष्ठ संयोजक मध्य प्रदेश के विष्णु दत्त शर्मा बनाए गए हैं। उनके साथ यह दो सह-संयोजक होंगे। ऋतुराज के अलावा आंध्र प्रदेश के विष्णु वर्धन रेड्डी।

