07:56 AM, 17-Jul-2026
पश्चिम एशिया में 50,000 से अधिक अमेरिकी सैनिक तैनात
अमेरिकी सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम) ने बताया कि अमेरिकी सेना ने ईरान के खिलाफ एक और बड़े सैन्य अभियान को सफलतापूर्वक अंजाम दिया है। इस अभियान में लड़ाकू विमान, ड्रोन और युद्धपोतों की मदद से सटीक हमले किए गए, जिनमें ईरान के तटीय निगरानी केंद्र, वायु रक्षा ठिकाने, सैन्य लॉजिस्टिक्स ढांचा और समुद्री सैन्य क्षमताओं से जुड़े दर्जनों ठिकानों को निशाना बनाया गया। सेंटकॉम के अनुसार, यह लगातार छठी रात है जब अमेरिका ने ईरान पर सैन्य हमले किए हैं। बयान में कहा गया कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के निर्देश पर ईरान की सैन्य क्षमता को लगातार कमजोर किया जा रहा है और हाल में वाणिज्यिक जहाजों पर हुए हमलों के लिए उसे जवाबदेह ठहराया जा रहा है। सेंटकॉम ने यह भी कहा कि पश्चिम एशिया में 50,000 से अधिक अमेरिकी सैनिक तैनात हैं और किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह सतर्क और तैयार हैं।
07:46 AM, 17-Jul-2026
पश्चिमी एशिया संकट का असर, तेल की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी
अमेरिका और ईरान दोनों की ओर से हुए हमलों की एक और रात के बाद तेल की कीमतों में लगातार वृद्धि जारी है। ब्रेंट क्रूड वायदा में 1 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि हुई और यह 85 डॉलर प्रति बैरल से अधिक पर पहुंच गया, वहीं अमेरिकी तेल वायदा भी बढ़कर लगभग 80 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया, जिससे पिछले सत्र के नुकसान की भरपाई हो गई। दोनों बेंचमार्क अनुबंधों में इस सप्ताह लगभग 12 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, जिसमें ब्रेंट लगातार तीसरे सप्ताह लाभ की ओर अग्रसर है, और डब्ल्यूटीआई दूसरे सप्ताह लाभ की ओर अग्रसर है। एशिया के कुछ शेयर बाजार शुक्रवार सुबह गिरावट के साथ खुले, जापान का बेंचमार्क निक्केई 225 सूचकांक 3 प्रतिशत से अधिक गिर गया।
06:59 AM, 17-Jul-2026
ईरान ने कुवैत और बहरीन को बनाया निशाना
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की चेतावनी के बाद पश्चिम एशिया में तनाव सातवें आसमान पर पहुंच चुका है। अमेरिका द्वारा लगातार छठी रात की गई भीषण बमबारी के जवाब में ईरान ने अमेरिकी सैन्य ठिकानों वाले बहरीन और कुवैत पर मिसाइलें और घातक ड्रोन दागकर भयंकर पलटवार किया है। इस जवाबी कार्रवाई से पूरे खाड़ी क्षेत्र में हड़कंप मच गया है।
04:42 AM, 17-Jul-2026
होर्मोजगान प्रांत पर अमेरिकी हमला, दो लोगों की मौत, आठ घायल
ईरान के दक्षिणी होर्मोजगान प्रांत पर हुए अमेरिकी हमलों में दो लोगों की मौत हो गई है और आठ अन्य घायल हुए हैं। ईरान की फार्स न्यूज एजेंसी के मुताबिक, यह हमले बंदर अब्बास के एक रिहायशी इलाके और केहवरस्तान ब्रिज पर हुए हैं। ईरान के सरकारी प्रसारक (आईआरआईबी) ने दावा किया है कि इस हमले के लिए कुवैत से जमीन से जमीन पर मार करने वाली ‘हिमार्स’ मिसाइलें दागी गईं। अमेरिकी सेना की ओर से यह कार्रवाई होर्मुज जलडमरूमध्य में तनाव बढ़ने और लगातार पांच रातों से जारी सैन्य अभियानों के तहत की गई है।
04:40 AM, 17-Jul-2026
होर्मुज जलडमरूमध्य पर ईरान का नियंत्रण नहीं: अमेरिकी रक्षा मंत्री
अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने दावा किया है कि होर्मुज जलडमरूमध्य पर ईरान का कोई नियंत्रण नहीं है। उन्होंने सोशल मीडिया पर अमेरिकी सैनिकों की ओर से एक जहाज पर कब्जा करने की तस्वीरें भी साझा की हैं। यह कार्रवाई ईरान के खिलाफ अमेरिकी सेना की नाकाबंदी का हिस्सा है। अमेरिकी सुरक्षा बलों ने नाकाबंदी तोड़ने की कोशिश कर रहे तीन व्यापारिक जहाजों का रास्ता भी बदला है। अमेरिकी सरकार का कहना है कि वे इस समुद्री रास्ते पर जहाजों की सुरक्षा और अपनी पकड़ को मजबूत बनाए रखेंगे।
03:07 AM, 17-Jul-2026
बंदर अब्बास पर अमेरिकी हमला, रेलवे सबस्टेशन पर बमबारी में दो लोग घायल
ईरान के दक्षिणी बंदरगाह शहर बंदर अब्बास में अमेरिका द्वारा किए गए हवाई हमले में दो लोग घायल हो गए हैं; ईरानी सरकारी टीवी के अनुसार, अमेरिकी सेना के ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’ के तहत किए गए इस हमले में वहां के एक रेलवे सबस्टेशन को निशाना बनाया गया।
01:08 AM, 17-Jul-2026
पश्चिम एशिया तनाव से जुड़ी आज की बड़ी बातें
अस्पताल के पास हमला: ईरान ने अमेरिका पर बेहद ‘बर्बर हमले’ का आरोप लगाया है, जिसके तहत दक्षिण-पश्चिमी ईरान में एक कैंसर अस्पताल के पास हुए भारी हवाई हमलों के कारण वहां से 200 से अधिक मरीजों को आनन-फानन में बाहर निकालना पड़ा।
कुवैत और बहरीन पर ड्रोन अटैक: कुवैती सेना ने दावा किया है कि वह ईरान की तरफ से हुए नए ड्रोन हमलों का जवाब दे रही है, जबकि बहरीन ने भी ईरान के ड्रोन हमलों को नाकाम करने की बात कही है।
बंदर अब्बास और केश्म द्वीप पर मिसाइल हमला: ईरानी न्यूज एजेंसी फार्स के मुताबिक, अमेरिकी मिसाइलें ईरान के बंदर अब्बास के पास गिरी हैं, वहीं मेहर न्यूज एजेंसी ने केश्म द्वीप के पास भी अमेरिकी प्रोजेक्टाइल गिरने की पुष्टि की है।
जेडी वेंस का बड़ा आरोप: अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने इस्राइल पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि वह उन अभियानों को फंडिंग दे रहा है जो जंग खत्म करने के लिए अमेरिका और ईरान के बीच चल रही बातचीत को बिगाड़ना चाहते हैं।
वेस्ट बैंक में हमला: फिलिस्तीनी रेड क्रेसेंट सोसाइटी के अनुसार, कब्जे वाले वेस्ट बैंक में इस्राइली प्रवासियों के हमले में तीन फिलिस्तीनी घायल हो गए हैं।
गाजा में इस्राइली हमला: इस्राइल द्वारा लगभग रोज सीजफायर का उल्लंघन किए जाने के बीच, गाजा पट्टी में हुए ताजा हमलों में कम से कम पांच फिलिस्तीनियों की मौत हो गई है।
01:07 AM, 17-Jul-2026
अमेरिका का ईरान पर छठा बड़ा प्रहार, सैन्य ताकत को कुचलने के लिए शुरू किया नए दौर का हमला
अमेरिका और ईरान के बीच छिड़ी जंग अब पूरी तरह से बेकाबू हो चुकी है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने आधिकारिक घोषणा करते हुए बताया कि अमेरिकी सेना ने ईस्टर्न टाइम के अनुसार दोपहर दो बजे ईरान पर छठे दौर के विनाशकारी हवाई हमले शुरू कर दिए हैं। सेंट्रल कमांड के मुताबिक, इस ताजा सैन्य कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य उन ईरानी सैन्य क्षमताओं और ठिकानों को पूरी तरह से तबाह करना है, जिनका इस्तेमाल खाड़ी क्षेत्र में तनाव बढ़ाने के लिए किया जा रहा है। दोनों महाशक्तियों के बीच लगातार हो रही इस ताबड़तोड़ बमबारी से पूरे मिडिल ईस्ट में महायुद्ध का खतरा मंडराने लगा है।
12:57 AM, 17-Jul-2026
बगदाद में अमेरिकी दूतावास ने जारी किया बड़ा अलर्ट, नागरिकों से कहा-तुरंत छोड़ें इराक
इराक के इरबिल में हुए भीषण ड्रोन हमले के बाद बगदाद में अमेरिकी दूतावास ने अपने नागरिकों के लिए एक बड़ा सिक्योरिटी अलर्ट जारी किया है। दूतावास ने सोशल मीडिया पर सख्त चेतावनी पोस्ट करते हुए अमेरिकी नागरिकों को साफ तौर पर इराक की यात्रा न करने की सलाह दी है। दूतावास की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि आतंकवाद, अपहरण, सशस्त्र संघर्ष और गृहयुद्ध के खतरों के कारण अमेरिकी नागरिक किसी भी सूरत में इराक न जाएं, क्योंकि वहां मौजूदा हालातों में अमेरिकी सरकार के लिए आपातकालीन सेवाएं दे पाना बेहद सीमित है।
12:56 AM, 17-Jul-2026
ईरान के अहवाज शहर में भीषण धमाके, खुजेस्तान प्रांत के डिप्टी गवर्नर ने की पुष्टि
ईरान के दक्षिणी शहर अहवाज में तेज धमाकों की खबर आ रही है। ईरान की मेहर न्यूज एजेंसी ने खुजेस्तान प्रांत के डिप्टी गवर्नर के हवाले से बताया कि शहर में तेज धमाके सुने गए हैं। हालांकि, ये धमाके किस वजह से हुए हैं और इससे कितना नुकसान हुआ है, इसकी आधिकारिक जानकारी अभी सामने नहीं आई है। अमेरिकी हमलों और दोनों देशों के बीच जारी भारी गोलाबारी के बीच हुए इन धमाकों के कारणों का पता लगाया जा रहा है।

